#Photos: UP के सीएम योगी, राहुल-प्रियंका ने भी संत रविदास के दर टेका मत्था, लंगर भी चखा...

#Photos: UP के सीएम योगी, राहुल-प्रियंका ने भी संत रविदास के दर टेका मत्था, लंगर भी चखा...

वाराणसी, भदैनी मिरर। माघ पूर्णिमा पर पड़ने वाले संत रैदास जयंती के अवसर पर विधानसभा चुनाव को देखते हर रविदास मंदिर परिसर में नेताओं के आने का क्रम शुरू हो गया है। पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और संत निरंजनदास के बाद यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ भी संत रैदास के चरणों में वंदन करने पहुंचे। मत्था टेकने और संतों का आशीर्वाद ग्रहण करने के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने मीडिया से अनौपचारिक बातचीत में कहा कि संत रैदास मंदिर परिसर पर्यटन विकास की योजनाओं पर काम चल रहा। लंगर हॉल का काम लगभग पूरा हो चुका है। जल्द ही संत श्री कांस्य प्रतिमा स्थाना हो चुकी। पार्क निर्माण प्रगति पर। इससे संबंधित जमीन अधिग्रहण तैयारी है। काम जल्द पूर्ण हो जाएगा।

इनके साथ ही मन्दिर में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने मत्था टेका और आशीर्वाद ग्रहण किया।  इससे पहले पूर्व विधायक व पिंडरा विधानसभा सीट के प्रत्याशी अजय राय, जिला अध्यक्ष व रोहनिया विधानसभा सीट के प्रत्याशी राजेश्वर पटेल,  महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे, राजीव राम  आदि ने एयरपोर्ट पर दोनों कांग्रेस दिग्गजों की आगवानी की ।

 ये है महिमा
मन चंगा तो कठौती में गंगा जैसा सहज ज्ञान देने वाले संत रैदास का जन्म संवत 1443 में माघ पूर्णिमा के दिन वाराणसी में हुआ था। बताया जाता है कि जूते बनाने का काम करने वाले संत रविदास ने साधु-संतों की संगत में आध्यात्मिक अर्जित कर कर्म को ही जीवन का महत्वपूर्ण मंत्र मान लिया। संत शिरोमणि ने इस नश्वर शरीर का त्याग 1540 में किया था। आत्मज्ञान, एकता, भाईचारे पर आधारित और जाति प्रथा जैसी कुरीतियों पर प्रहार करते उनके दोहे उनके अनुयायियों के लिए अमृत वचन बन गए। धीरे-धीरे उनके अनुयायी खुद को रविदासिया समुदाय का कहने लगे। वर्तमान में देश भर में रैदासिया समुदाय के अनुयायी उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा और मुख्य रूप से पंजाब में निवास करते हैं।