दो टप्पेबाज गिरफ्तार 100 ग्राम सोना बरामद: अजमेर का पीर बताकर मृत सलमान से की थी टप्पेबाजी, जांबाज दरोगाओं ने किशनगंज से की गिरफ्तारी, जाने 8 प्वॉइंट्स में कैसे हुई थी घटना

दो टप्पेबाज गिरफ्तार 100 ग्राम सोना बरामद: अजमेर का पीर बताकर मृत सलमान से की थी टप्पेबाजी, जांबाज दरोगाओं ने किशनगंज से की गिरफ्तारी, जाने 8 प्वॉइंट्स में कैसे हुई थी घटना
एडीसीपी काशी जोन टप्पेबाजों को मीडिया के सामने पेश करते हुए

वाराणसी,भदैनी मिरर। चौक के रेशम कटरा में आभूषण की दुकान में काम करने वाले सलमान नामक कारीगर की 300 ग्राम सोना चोरी के शक में रिश्तेदार जीजा कलीम के टॉर्चर से हुई मौत मामलें में कलीम, गोविंद सेठ, ग्रहल सेठ और सचिन सहदेव की गिरफ्तारी के दौरान पुलिस जांच में सामने आए टप्पेबाजी की घटना का भी पुलिस में खुलासा कर दिया। सीसीटीवी कैमरे में कैद किशनगंज (बिहार) निवासी इरफान और बर्फखाना जावरा रतलाम (मध्यप्रदेश) का इकबाल हुसैन को गिरफ्तार कर टप्पेबाज़ो की निशानदेही पर 100 ग्राम सोना बरामद किया है। इन टप्पेबाजों को पकड़ने का टास्क पुलिस कमिश्नर (सीपी) ए. सतीश गणेश ने डीसीपी काशी जोन अमित कुमार दो दिया था। जिसके बाद कोतवाली और चौक के जांबाज दरोगाओं की टीम बनाई गई। बिहार का किशनगंज वही इलाका है जहां लोकल पुलिस जाने से भी डरती है। इसी इलाके में दबिश में गए इंस्पेक्टर अश्वनी कुमार की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। वाराणसी पुलिस की टीम में ब्रम्हनाल चौकी इंचार्ज प्रकाश सिंह, दालमंडी चौकी इंचार्ज सौरभ पांडेय, सप्तसागर चौकी इंचार्ज प्रभाकर सिंह, अम्बियामंडी चौकी इंचार्ज अखिलेश वर्मा, काल भैरव चौकी इंचार्ज राम रतन पांडेय को शामिल किया गया। पुलिस जैसे ही किशनगंज के इरानी टोला पहुंची भीड़ इकट्ठा होने लगी। टीम वर्क करते हुए जांबाज दरोगाओं ने इरफान की निशानदेही पर सोना बेचने वाले से सोने की बरामदगी कर अदालत में पेश की और ट्रांजिट रिमांड लेकर वाराणसी आई। दूसरे आरोपी इकबाल हुसैन को पुलिस ने राजघाट (आदमपुर) से गिरफ्तार किया।

किशनगंज के इरानी टोला से गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम

टप्पेबाजों ने खुद को बताया था अजमेर का पीर

पकड़े गए शातिर टप्पेबाजों ने मृतक सलमान को बताया था कि वह अजमेर के पीर बाबा हैं और उनकी बातों कहे अनुसार न करने पर उसकी अम्मी की मौत हो जाएगी इसका भय दिखाया था।  मामले का खुलासा करते हुए एडीसीपी काशी ज़ोन राजेश कुमार पांडेय ने बताया कि रेशम कटरा में कलीम की दुकान पर सलमान कारीगरी का काम करता था। घटना के दिन 280 ग्राम सोने के जेवरात लेकर फास्टिंग कराने के लिए छत्तातला जा रहा था। रास्ते में उसे तीन व्यक्ति मिले जो अपने को अजमेर का पीर बताते हुए उसे झांसे में लेकर लोभ व भय में डालकर उससे सारा सोना ले लिए और चलते बने। 

होटल के रजिस्टर से मिला अभियुक्तों का नंबर

एडीसीपी ने बताया की डीसीपी के निर्देश पर मामले की जांच के लिए गठित की गयी टीम द्वारा लगभग 150-200 सीसीटीवी कैमरे के फुटेज खंगाले गए थे। साथ ही मुगलसराय के होटल मनमोहन गेस्ट हाउस व सीसीटीवी रजिस्टर की भी जांच की गई थी। जिसके माध्यम से  अभियुक्तगणो की आईडी व आधारकार्ड व मोबाइल नंबर प्राप्त कर उक्त मोबाइल नंबर की सीडीआर की जांच करते हुए अभियुक्त इरफान का लोकेशन थाना किशनगंज सिटी के वार्ड 04 पानीबाग जनपद किशनगंज बिहार राज्य में पता चला। जिसके बाद टीम ने तत्काल किशनगंज पहुँचकर उसे गिरफ्तार कर लिया। इरफान के बयान व निशानदेही पर उसके द्वारा बेचा गया उसके हिस्से के सोना को राजअलंकार ज्वैलर्स सोनारपट्टी किशनगंज से बरामद किया गया। साथ ही इरफान की ही निशानदेही पर अभियुक्त इकबाल हुसैन को 24 सितम्बर की रात राजघाट पुल के पास से गिरफ्तार कर उसके पास से आभूषण बिक्री का 3150/- रुपये बरामद किया गया।

भीड़भाड़ वाले स्थानों पर करते थे टप्पेबाजी

एडीसीपी ने बताया कि पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि हम शहर के भीड़भाड़ वाले स्थानों पर व बाजारों में घूम घूम कर लोगों को अपने बातचीत में उलझाकर व धोखाधड़ी करके  उनके पास जो भी सोना, चादी व पैसा होता था उसकी टप्पेबाजी करते थे। इसी क्रम में हम तीनो लोग बीते 11 सितम्बर को रेशम कटरा में जहां पर सोने चांदी का बड़ा कारोबार होता है। धूम फिरकर ऐसे व्यक्ति की तलाश कर रहे थे जो हम लोगों के झांसे में आसानी से फस जाये। उसी समय हम लोगों को एक लड़का रेशम कटरा में मिला जो सोने की दुकान से निकला था, जिस पर हम लोगों को शक हुआ कि उस लड़के के पास आभूषण है। तो हमने उसे खुद को पीर बताकर उसकी अम्मी की मौत होने का भय दिखया। भयवश वह हम लोगों को अपने पास रखा हुआ आभूषण दे दिया। पकड़े गए दोनों अभियुक्तों को सम्बंधित धाराओं में जेल भेजा जा रहा है।

गिरफ्तार करने वाली टीम में यह रहे शामिल
 
 सब इंस्पेकटर प्रभाकर सिंह थाना कोतवाली, सब इन्स्पेक्टर अखिलेश वर्मा थाना कोतवाली, सब इंस्पेकटर रामरतन पाण्डेय थाना कोतवाली, सब इन्स्पेक्टर प्रकाश सिंह थाना चौक, सब इन्स्पेक्टर  सौरभ पाण्डेय थाना चौक, हेडकांस्टेबल प्रमोद पाण्डेय थाना कोतवाली, कांस्टेबल शुभम सिंह थाना कोतवाली, कांस्टेबल अरविन्द कुशवाहा थाना कोतवाली और कांस्टेबल जगदीश कुमार ने मुख्य भूमिका निभाई।


जाने कैसे टप्पेबाज़ो ने घटना को दिया अंजाम

  1. टप्पेबाजों ने मुंगलसराय के एक होटल में कमरा लिया।
  2. तीन टप्पेबाज मुंगलसराय से वाराणसी पहुंचे और रेशम कटरा से सोने के कारीगर सलमान को अजमेर का पीर बताते हुए सोने का आभूषण लेकर भागे।
  3. दो टप्पेबाजों ने घटना को अंजाम दिया, जबकि एक अन्य दोनों को बैकअप दे रहा था।
  4. टप्पेबाज सीसीटीवी कैमरे से बचने के लिए गली-गली विशेश्वरगंज तक गए और वहां से टोटो से पड़ाव पहुंचे।
  5. इस दौरान वह ड्रेस सेंस बदलते रहे और हुलिया छिपाने की पूरी कोशिश करते रहे।
  6. पड़ाव से टप्पेबाज मुंगलसराय स्टेशन में गए और पिछले गेट से गली-गली होटल पहुंचे।
  7. छह घन्टे में टप्पेबाज़ो ने घटना को अंजाम देकर होटल पहुंचे और समान बांटकर वहां से तीनों टप्पेबाज निकल गए।
  8. पुलिस करीब 200 सीसीटीवी कैमरे का फुटेज देखते देखते किशनगंज (बिहार) का पता निकाली, और गिरफ्तारी की।