वाराणसी: पुलिस लिखी तेज रफ्तार स्कॉर्पियों ने बुजुर्ग को रौंदा, पुलिस और आक्रोशित लोगों में हुई जमकर नोकझोक...

पुलिस लिखे स्टीकर और नीली बत्ती लगी तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने दुकान में काम कर रहे बुजुर्ग को रौंद दिया. जिससे उसकी दर्दनाक मौत हो गई.

वाराणसी: पुलिस लिखी तेज रफ्तार स्कॉर्पियों ने बुजुर्ग को रौंदा, पुलिस और आक्रोशित लोगों में हुई जमकर नोकझोक...

वाराणसी, भदैनी मिरर। भगवानपुर (लंका) में दर्दनाक हादसा हुआ. पुलिस लिखी और बत्ती लगी तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने फर्नीचर की दुकान में काम कर रहे बुजुर्ग इंदल प्रसाद (53) को रौंदते हुए दुकान में घुस गई. जिसके बाद आक्रोशित जनता बौखला गई और चालक को पकड़ लिया. आनन-फानन में बुजुर्ग को लेकर बीएचयू ट्रामा सेंटर भागे जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया. उधर, सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस आ पहुंची.

...पापा को बचा भी नहीं पाए

मृतक के पुत्र संजय कुमार ने बताया कि हम अपने दुकान में काम कर रहे थे कि डाफी से लंका मार्ग पर एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो आई और पिता जी को रौंदते हुए दुकान में जा घुसी. हम वहीं काम कर रहे थे...लेकिन बचा न पाए. ...पापा अकेले ही 17 लोगों का परिवार चलाते थे, अब हम सबका क्या होगा?

रोते हुए संजय ने बताया कि विवेक नगर कॉलोनी शिवपुर निवासी अर्जुन सिंह नामक चालक को हमने घर में बंद किया था ताकि वह भाग न पाए लेकिन पुलिस ने अपने विभाग का साथ देते हुए हम सबको पीटकर चालक को ले गई. हम सबकी सुनने वाला कोई नहीं है.

सड़क पर उतर गए लोग

घटना की सूचना जैसे ही मिली सैकड़ों की संख्या में महिला- पुरुष सड़क पर उतर आए. समाजवादी पार्टी से जुड़े अजय फौजी पहुंच गए, इसके बाद जमकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी होने लगी. सूचना मिलने पर एसीपी भेलूपुर डॉ. अतुल अंजान त्रिपाठी भी पहुंचे. जनता और पुलिस से काफी देर तक नोकझोक होती रही. काफी समझाने के बाद पुलिस ने परिजनों से तहरीर लेकर मुकदमा पंजीकृत कर रही है. 

वहीं, जनता का आरोप था कि घटना के बाद जिन पुलिसकर्मियों ने घर में घुसकर चालक को छुड़ाने के लिए मारा है उन्हे हटा दिया गया. सड़क पर जनता की भीड़ इकट्ठा होते देखकर सर्किल के अन्य थानों से फोर्स मंगवाई गई.

राजनीतिक रंग देने की हुई कोशिश

प्रभारी निरीक्षक लंका शिवाकांत मिश्रा ने कहा कि घटना के बाद कुछ लोगों ने राजनीतिक रंग देने की कोशिश की. पुलिस से भी बदतमीजी की. ड्राइवर को मारपीट कर बंधक बनाने की सूचना पर पुलिस पहुंची थी. पुलिस के पहुंचने से पहले गाड़ी को तोड़ने के साथ ही चालक की जमकर जनता ने पिटाई कर दी थी.