काशी की महिला पहलवान ने खा लिया जहरीला पदार्थ, हुई मौत
मिर्जामुराद क्षेत्र के कछवारोड गांव की रहनेवाली थी निधि सिंह
माता-पिता के निधन के बाद से दादा और दादी ही कर रहे थे पालन-पोषण
मौत के कारणों पर सवाल और जवाब ढूंढने की हो रही कोशिश
मिर्जामुराद, भदैनी मिरर। मिर्जामुराद क्षेत्र के कछवारोड गांव की महिला पहलवान निधि सिंह (25) ने बुधवार की शाम कीटनाशक दवा खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। निधि ने किस हालात में जहर खाया, क्या परिस्थितियां थीं। अखाड़े में अच्छे-अच्छे पहलवानों से भिड़नेवाली निधि की ऐसी क्या मजबूरी थी कि उसे आत्मघाती कदम उठाना पड़ा। इन सवालों के जवाब अभी अनुत्तरित हैं।


जानकारी के अनुसार निधि के माता - पिता की वर्षों पहले मौत हो चुकी है। निधि तीन बहन और एक भाई में तीसरे नंबर की थी। वह जिला व प्रदेश स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता में भाग लेती थी। वाराणसी मिर्जापुर, भदोही क्षेत्र में होने वाले अंतरजनपदीय कुश्ती प्रतियोगिता में महिला वर्ग की पहलवानों में विजेता रही है। महिला पहलवानों में निधि लोकप्रिय रही। वह पहलवानी के साथ-साथ पढ़ाई भी करती थी। निधि क्षेत्र के बसमत्ती देवी महाविद्यालय खोंचवा में बीएससी की छात्रा थी। निधि को चाहनेवाले उसके दादा और दादी का हाल बेहाल है। बताते हैं के बुधवार की शाम घर में अचानक निधि के कीटनाशक दवा खा लेने की सूचना मिली।

भाई शिवम और परिजन आनन-फानन में उसे बीएचयू ट्रामा सेंटर में ले गये। उसे भर्ती किया गया लेकिन शुक्रवार की सुबह उसकी मौत हो गई। उसकी बड़ी बहन की शादी हो गई है और छोटी बहन हाईस्कूल की छात्रा है। भाई शिवम प्रयागराज में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करता है। 2018 में निधि ने कुश्ती के लिए मिर्जापुर जिले के कछवा स्थित डीआईजी अखाड़े में प्रैक्टिस करना शुरू किया था। दादा माता दयाल सिंह और दादी श्यामा देवी ने बेटे और बहू के निधन के बाद से ही इन बच्चों का पालन-पोषण कर रहे हैं। महिला पहलवान के शव को लंका पुलिस ने पोस्टमार्टम हेतु कब्जे में ले लिया। निधि ने कुश्ती में कई मैडल हासिल किये। लेकिन उसके जहरीला पदार्थ खाने से हुई मौत को लेकर सबसे बड़ा सवाल लोगों के जेहन में यह गूंज रहा है कि इतनी बहादुर बेटी के सामने ऐसी क्या मजबूरी थी कि उसे जहर खाना पड़ गया?

