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वाराणसी: किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को 10 साल की कठोर जेल, पॉक्सो कोर्ट ने सुनाया बड़ा फैसला

बहला-फुसलाकर ले जाने और दुष्कर्म के आरोपी बेचू कुमार को कोर्ट ने दी सजा, लगाया अर्थदंड

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भदैनी मिरर न्यूज नेटवर्क, वाराणसी: वाराणसी की एक विशेष अदालत ने नाबालिग किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जाने और उसके साथ दुष्कर्म करने के गंभीर मामले में एक बड़ा फैसला सुनाया है। विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो अधिनियम) द्वितीय रचना सिंह की अदालत ने आरोपी बेचू कुमार को दोषी करार देते हुए 10 साल के कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही कोर्ट ने दोषी पर 10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड न देने पर सजा की अवधि बढ़ाई जा सकती है।

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दुकान पर काम करता था आरोपी, ऐसे दिया वारदात को अंजाम

अभियोजन पक्ष की ओर से कोर्ट के सामने रखी गई दलीलों के मुताबिक, यह पूरा मामला लोहता थाना क्षेत्र का है। पीड़ित किशोरी के पिता (वादी) ने थाने में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि 3 जनवरी 2022 को उनकी नाबालिग बेटी अचानक लापता हो गई थी।

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काफी खोजबीन के बाद पता चला कि किशोरी के ताऊ की दुकान पर काम करने वाला कर्मचारी बेचू कुमार उसे बिना किसी को बताए, बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। परिजनों ने अपने स्तर पर हर संभावित जगह तलाश की, लेकिन जब बेटी का कहीं सुराग नहीं मिला, तो उन्होंने पुलिस की शरण ली।

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सारनाथ ले जाकर किया था दुष्कर्म, पुलिस ने ऐसे पकड़ा

लोहता थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया और विवेचना शुरू की। पुलिस टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए आरोपी बेचू कुमार को गिरफ्तार कर लिया और उसके चंगुल से पीड़िता को सकुशल बरामद किया।

बरामदगी के बाद जब पीड़िता की काउंसलिंग की गई और उसके बयान दर्ज हुए, तो मामले की भयावहता सामने आई। पीड़िता ने बताया कि आरोपी बेचू कुमार उसे सारनाथ और अन्य पर्यटन स्थलों पर घुमाने के बहाने लेकर गया था, जहाँ उसने किशोरी के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया।

अदालत ने माना गंभीर अपराध

पॉक्सो कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और पत्रावली पर मौजूद गवाहों व साक्ष्यों का बारीकी से अवलोकन करने के बाद आरोपी बेचू कुमार को किशोरी के यौन उत्पीड़न और अपहरण का दोषी पाया। अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए समाज में ऐसे अपराधों पर लगाम लगाने के संदेश के साथ दोषी को 10 वर्ष की जेल की सजा सुनाई।