वाराणसी: दालमंडी में महा-अभियान! छावनी में तब्दील हुआ इलाका, एक साथ 45 भवनों के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू
221 करोड़ का प्रोजेक्ट: 650 मीटर लंबी सड़क को मिलेगी 17.4 मीटर की चौड़ाई, 400 जवान मुस्तैद
वाराणसी। काशी के हृदय स्थल दालमंडी में शनिवार को प्रशासन ने अब तक का सबसे बड़ा ध्वस्तीकरण अभियान शुरू किया। सड़क चौड़ीकरण प्रोजेक्ट को गति देने के लिए पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स की मौजूदगी में एक साथ 45 भवनों को ढहाने की प्रक्रिया प्रारंभ की गई। पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में लेते हुए छावनी में तब्दील कर दिया गया है।


जमीन से आसमान तक कड़ी निगरानी
इस वृहद कार्रवाई के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। एसीपी अतुल अंजान त्रिपाठी के अनुसार, सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस और पीएसी के साथ पैरामिलिट्री फोर्स के लगभग 400 जवानों को तैनात किया गया है। ड्रोन कैमरों के जरिए पूरे इलाके की हवाई निगरानी की जा रही है ताकि कोई अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो।

मुआवजा प्राप्त और जर्जर भवनों पर चला हथौड़ा
पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता केके सिंह ने बताया कि शनिवार की कार्रवाई दो श्रेणियों में विभाजित है:
-
रजिस्ट्री और मुआवजा: 25 भवनों की रजिस्ट्री पूर्ण हो चुकी है और स्वामियों को मुआवजा दिया जा चुका है।
-
नगर निगम का एक्शन: 20 अन्य भवनों को नगर निगम ने पहले ही जर्जर घोषित कर दिया था।
प्रशासन ने आगामी एक सप्ताह के भीतर इन सभी चिन्हित मकानों को पूरी तरह जमींदोज करने का लक्ष्य रखा है।
प्रोजेक्ट की खास बातें
| विवरण | आंकड़े |
| कुल बजट | ₹221 करोड़ |
| सड़क की लंबाई | 650 मीटर |
| प्रस्तावित चौड़ाई | 17.4 मीटर |
| दायरे में कुल भवन | 184 (12 अवैध घोषित) |
| अब तक ध्वस्त भवन | 60 |
ट्रैफिक डायवर्जन और बैरिकेडिंग
ध्वस्तीकरण के मद्देनजर दालमंडी क्षेत्र में जगह-जगह बैरिकेडिंग की गई है और ट्रैफिक को डायवर्ट किया गया है। आला अफसरों की टीम मौके पर डटी हुई है और पहले ही मुनादी के जरिए लोगों को सूचित कर दिया गया था।

