वाराणसी: 20 से 23 नवंबर तक आयोजित होगा गंगा महोत्सव, 24 नवंबर को मनेगी देव दीपावली; मंडलायुक्त की बैठक में तैयारियों को हरी झंडी
राजघाट और नमो घाट पर होंगे मुख्य कार्यक्रम, स्थानीय कलाकारों और काशी सांसद सांस्कृतिक महोत्सव के विजेताओं को मिलेगा मंच
वाराणसी (भदैनी मिरर न्यूज़): धर्मनगरी काशी की विश्वप्रसिद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान से जुड़े भव्य आयोजनों की तैयारियां प्रशासनिक स्तर पर शुरू हो गई हैं। मंडलायुक्त एस राजलिंगम की अध्यक्षता में मंगलवार (18 अगस्त 2026) को आगामी गंगा महोत्सव और देव दीपावली के सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई।


बैठक में तय किया गया कि इस वर्ष गंगा महोत्सव 20 से 23 नवंबर 2026 तक आयोजित किया जाएगा, जबकि अलौकिक देव दीपावली का पर्व 24 नवंबर 2026 को पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा।
राजघाट और नमो घाट पर सजेंगी सांस्कृतिक शामें
मंडलायुक्त ने बताया कि गंगा महोत्सव का मुख्य मंच और प्रमुख सांस्कृतिक कार्यक्रम राजघाट पर आयोजित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त कई अन्य समानांतर सांस्कृतिक प्रस्तुतियां नमो घाट पर भी आयोजित की जाएंगी। मंडलायुक्त ने अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि कार्यक्रमों में राष्ट्रीय कलाकारों के साथ-साथ स्थानीय कलाकारों, काशी सांसद सांस्कृतिक प्रतियोगिता के विजेताओं और राजघाट स्थित गुरुकुल के बटुकों को अपनी प्रतिभा दिखाने का प्रमुखता से अवसर दिया जाए।

ओडीओपी और स्थानीय उत्पादों के लगेंगे स्टॉल
वाराणसी की गंगा-जमुनी तहजीब, कला, संगीत और हस्तशिल्प को वैश्विक पटल पर उभारने के लिए प्रमुख घाटों और बड़े होटलों में एक जनपद एक उत्पाद (ODOP) तथा स्थानीय शिल्पकला के विशेष स्टॉल लगाए जाएंगे। इससे काशी आने वाले देश-विदेश के पर्यटकों को स्थानीय उत्पादों और कला संस्कृति को करीब से जानने का मौका मिलेगा।


सफाई, सुरक्षा और सिल्ट हटाने पर विशेष जोर
लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मंडलायुक्त ने नगर निगम को गंगा घाटों से सिल्ट (कीचड़/गाद) की सफाई समय रहते पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। इसके अलावा:
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घाटों की व्यवस्था: सभी प्रमुख घाटों पर प्रकाश, विद्युत, पेयजल, अग्निशमन और मोबाइल शौचालय की व्यवस्था।
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यातायात व सुरक्षा: डीसीपी ट्रैफिक और पुलिस बल को शहर में सुगम यातायात, पर्याप्त पार्किंग और चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश।
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स्वास्थ्य सुविधाएं: प्रमुख घाटों पर आपातकालीन चिकित्सा शिविर और एंबुलेंस की तैनाती।
बैठक में जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार, डीसीपी ट्रैफिक अनिल कुमार यादव, विकास प्राधिकरण सचिव वेद प्रकाश, एडीएम सिटी राजेश कुमार, एडीएम प्रोटोकॉल विनय सिंह, पर्यटन विभाग के अधिकारी तथा गंगा घाट समितियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। मंडलायुक्त ने स्पष्ट किया कि वाराणसी की इस गौरवशाली परंपरा के आयोजन में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
