वाराणसी: युवक के मौत मामले में कोर्ट के आदेश पर डेढ़ माह बाद केस
नागेपुर (बेनीपुर) में प्रेमिका से मिलने गए युवक की पिटाई और मानसिक प्रताड़ना के बाद गंगा में डूबने से मौत का आरोप
वाराणसी (भदैनी मिरर): वाराणसी के मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के नागेपुर (बेनीपुर) में गंगा में डूबने से हुई युवक की मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है। घटना के करीब डेढ़ महीने बाद, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) के सख्त आदेश पर मिर्जामुराद पुलिस ने सात लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित (उकसाने) करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है।


प्रेम प्रसंग का है पूरा मामला
मृतक के भाई रवि कुमार ने कोर्ट में दिए गए प्रार्थना पत्र में बताया कि उसके भाई देव कुमार का गांव की ही एक 16 वर्षीय किशोरी के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था। आरोप है कि 30 मई को गंगा में डूबने की घटना से ठीक दो दिन पहले, देव कुमार उस किशोरी से मिलने उसके घर गया था।

बंधक बनाकर पीटा, मरने के लिए किया मजबूर
परिजनों का आरोप है कि प्रेमिका के घर वालों ने देव कुमार को पकड़ लिया और उसे बंधक बनाकर बेरहमी से पीटा। उसे इस कदर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया और मरने के लिए उकसाया गया कि वह टूट गया। घटना से पहले देव ने अपनी बहन को फोन भी किया था और रोते हुए अपने साथ हुई मारपीट की पूरी आपबीती सुनाई थी।

मोबाइल में मिले साक्ष्य, पुलिस ने नहीं सुनी तो गए कोर्ट
मृतक के भाई रवि कुमार का दावा है कि देव कुमार के मोबाइल में भी ऐसे कई पुख्ता सबूत मिले हैं, जो प्रेम प्रसंग को लेकर हुए विवाद और मारपीट की गवाही देते हैं। आरोप है कि घटना के बाद स्थानीय पुलिस से शिकायत की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। थक-हारकर परिजनों ने न्याय के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
इन आरोपियों पर दर्ज हुआ मुकदमा
सीजेएम कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस को एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया। कोर्ट के आदेश पर मिर्जामुराद पुलिस ने नागेपुर (बेनीपुर) निवासी राजू, अनीश, पंडित, संजय, उमेश और एक अन्य अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
