वाराणसी: अधिवक्ता को मिली जान से मारने की धमकी, 81 लाख की ठगी के बाद '0786 गैंग' का खौफ!
जमीन के नाम पर 81 लाख हड़पने का आरोप, पैसे मांगने पर ₹1 लाख की मासिक रंगदारी की मांग।
वाराणसी। धर्म की नगरी काशी में कानून के रक्षकों पर ही आफत आन पड़ी है। कचहरी के अधिवक्ता रविशंकर पटेल ने कुछ दबंगों पर जमीन के नाम पर लाखों की ठगी करने और अब केस वापस न लेने पर जान से मारने की धमकी देने का सनसनीखेज आरोप लगाया है। पीड़ित का दावा है कि आरोपी खुद को '0786 गैंग' और गाजीपुर के बड़े अपराधी गिरोह का हिस्सा बताकर उन्हें डरा रहे हैं।


जमीन के बदले मांगा पैसा, तो मिली मौत की धमकी
मूल रूप से सुंदरपुर (सदलपुर) निवासी अधिवक्ता रविशंकर पटेल के अनुसार, उन्होंने आरिफ अहमद उर्फ मोनू, शकील, परवेज कादिर खान और मुजम्मिल अहमद को जमीन खरीदने के लिए 81 लाख रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर किए थे। आरोप है कि पैसा लेने के बाद आरोपियों ने न तो जमीन की रजिस्ट्री की और न ही पैसे वापस किए। जब अधिवक्ता ने दबाव बनाया, तो आरोपियों ने न केवल पैसा देने से इनकार कर दिया, बल्कि उलटा ₹1 लाख प्रति माह की फिरौती (रंगदारी) मांगनी शुरू कर दी।

'0786 नंबर की फॉर्च्यूनर और मुख्तार गिरोह का खौफ'
पीड़ित अधिवक्ता का आरोप है कि आरोपी बेहद रसूखदार और अपराधी प्रवृत्ति के हैं। वे 0786 नंबर वाली तीन फॉर्च्यूनर गाड़ियों से चलते हैं और खुद का संबंध गाजीपुर के मुख्तार गिरोह से बताते हैं। अधिवक्ता का कहना है कि उनकी रेकी की जा रही है और कचहरी से घर आते-जाते समय उन्हें रोककर अभद्र भाषा का प्रयोग किया जाता है।

पुलिस की ढीली कार्रवाई पर उठे सवाल
रविशंकर पटेल ने बताया कि इस मामले में 4 अप्रैल 2026 को थाना चितईपुर में भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया था, लेकिन पुलिस की ओर से अब तक गिरफ्तारी या ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। पीड़ित ने पुलिस कमिश्नर को प्रार्थना पत्र सौंपकर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और अपने परिवार के लिए सुरक्षा की मांग की है।
बार एसोसिएशन का मिला समर्थन
इस मामले को लेकर अधिवक्ताओं में भी काफी आक्रोश है। पीड़ित ने बताया कि बनारस बार और सेंट्रल बार एसोसिएशन उनके साथ खड़ा है। उन्होंने प्रशासन से गुहार लगाई है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो कोई भी अनहोनी हो सकती है।
