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राहुल गांधी वाराणसी कोर्ट में नहीं हुए पेश, ‘भगवान राम’ टिप्पणी मामले में अगली सुनवाई 13 अप्रैल

राम को ‘काल्पनिक’ बताने वाले बयान और सिखों पर टिप्पणी से जुड़े मामलों की सुनवाई; अदालत ने निचली कोर्ट से रिकॉर्ड तलब किया

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Rahul gandhi
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कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi सोमवार को Varanasi की MP/MLA कोर्ट में निर्धारित सुनवाई के दौरान पेश नहीं हुए। अदालत ने उन्हें भगवान राम को ‘काल्पनिक’ बताने से जुड़े मामले में तलब किया था।

अपर जिला जज MP/MLA कोर्ट पंचम ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 13 अप्रैल की तारीख तय की है और निचली अदालत से संबंधित पत्रावली रिकॉर्ड तलब करने का आदेश दिया है।

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भगवान राम को ‘काल्पनिक’ बताने का आरोप

यह मामला उस बयान से जुड़ा है, जिसमें राहुल गांधी पर आरोप है कि उन्होंने अमेरिका में एक कार्यक्रम के दौरान भगवान राम को ‘काल्पनिक’ बताया था।

बताया जाता है कि Brown University में आयोजित एक लाइव सेशन में छात्रों से बातचीत के दौरान उन्होंने रामायण काल से जुड़ी कथाओं को ‘पौराणिक’ और काल्पनिक बताया था।

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इस बयान को लेकर वरिष्ठ अधिवक्ता Harishankar Pandey ने अदालत में परिवाद दायर किया है।

पिछली सुनवाई पर भी नहीं हुए थे पेश

अदालत ने पिछली सुनवाई में राहुल गांधी को 16 मार्च को कोर्ट में उपस्थित होने का निर्देश दिया था, लेकिन वह उस दिन भी न्यायालय में पेश नहीं हुए। इसके बाद अदालत ने निचली अदालत से मामले से जुड़ी पूरी फाइल तलब कर ली है। अगली सुनवाई से इस मामले में एक पक्षीय सुनवाई शुरू होने की संभावना जताई जा रही है।

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सिखों पर बयान से जुड़ा मामला भी अदालत में

इसी दिन एक अन्य मामले में भी राहुल गांधी के खिलाफ सुनवाई हुई। यह मामला उनके सितंबर 2024 के अमेरिका दौरे के दौरान दिए गए सिख समुदाय से जुड़े बयान से संबंधित है।

इस प्रकरण में तिलमापुर के पूर्व प्रधान Nageshwar Mishra ने अदालत में प्रार्थना पत्र दाखिल किया था।

मामले की सुनवाई Yajuvendra Vikram Singh की अदालत में हुई, जहां निचली अदालत से रिकॉर्ड तलब करते हुए अगली सुनवाई के लिए 15 अप्रैल की तारीख निर्धारित की गई है।

याचिका खारिज होने के बाद फिर शुरू हुई सुनवाई

वरिष्ठ अधिवक्ता हरिशंकर पांडेय के अनुसार, राहुल गांधी के खिलाफ पहले भी MP/MLA कोर्ट में याचिका दायर की गई थी, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया था।

इसके बाद पुनरीक्षण याचिका दाखिल की गई, जिस पर अब अदालत ने दोबारा सुनवाई शुरू कर दी है।

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