वाराणसी के सीर गोवर्धनपुर–रमना बॉर्डर पर खुले में फेंका गया मेडिकल कचरा, संक्रमण और हादसों का खतरा
सड़क किनारे कांच की बोतलें, इस्तेमाल की गईं सुइयां और जैविक अवशेष मिलने से लोगों में आक्रोश; सपा नेता अमन यादव और ग्राम प्रधान ने नगर निगम से जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की।
वाराणसी (भदैनी मिरर): धर्मनगरी वाराणसी के सीर गोवर्धनपुर–रमना बॉर्डर स्थित मुख्य मार्ग पर अस्पतालों का खतरनाक जैव-चिकित्सकीय कचरा (Bio-Medical Waste) खुले में फेंके जाने का गंभीर मामला सामने आया है। सड़क किनारे बड़ी मात्रा में मेडिकल वेस्ट पड़ा मिलने से राहगीरों और स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश व्याप्त है।

प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों के अनुसार, मौके पर कांच की बोतलें, इस्तेमाल की गई सिरिंज व सुइयां, ऑपरेशन से संबंधित जैविक अवशेष और मांस के टुकड़े बिखरे पड़े हैं, जिससे गंभीर बीमारियों के फैलने का खतरा बन गया है।
संक्रमण और चोट का बड़ा खतरा, दोषियों पर दर्ज हो एफआईआर: अमन यादव
बाबा साहेब अंबेडकर वाहिनी (समाजवादी पार्टी) के महानगर अध्यक्ष अमन यादव ने नगर आयुक्त और जिलाधिकारी वाराणसी से मामले का तुरंत संज्ञान लेने की मांग की है।

अमन यादव ने कहा:
"खुले में पड़े मेडिकल वेस्ट, नुकीली सुइयों और कांच के टुकड़ों से आम जनता व राहगीरों में संक्रमण और गंभीर चोट का खतरा है। जिला प्रशासन तत्काल मौके का निरीक्षण कराए और जांच करे कि यह खतरनाक कचरा किस अस्पताल या एजेंसी द्वारा फेंका गया है। दोषियों की पहचान कर उन पर नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।"
उन्होंने नगर निगम प्रशासन से मांग की कि कचरे को तत्काल वैज्ञानिक और सुरक्षित तरीके से उठवाया जाए तथा भविष्य में इस तरह की घटना न हो, इसके लिए क्षेत्र में सीसीटीवी व नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए।
बेजुबान गायें खा रहीं खतरनाक कचरा, ग्राम प्रधान ने जताई चिंता
रमना के ग्राम प्रधान अमित पटेल ने मामले पर चिंता व्यक्त करते हुए बताया कि संबंधित सड़क का क्षेत्र उनकी ग्राम सभा में न आकर वार्ड संख्या 23 के अंतर्गत आता है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2012-13 में भी उन्होंने इस तरह की लापरवाही के खिलाफ आवाज उठाई थी।

ग्राम प्रधान ने चेतावनी देते हुए कहा कि सड़क पर फेंके जा रहे इस मेडिकल कचरे और जैविक अवशेषों को बेजुबान गायें और अन्य मवेशी खा रहे हैं, जिससे पशुओं के स्वास्थ्य पर जानलेवा असर पड़ सकता है। उन्होंने नगर निगम से तत्काल सफाई कराने और जैविक कचरे के निस्तारण के नियमों को सख्ती से लागू करने की अपील की है।
