दुबई से लाइव आकर फ्रॉड राशिद नसीम दे रहा भरोसा, शाइन सिटी निवेशकों को 100 दिन में भुगतान का दावा
करोड़ों की ठगी के आरोपी शाइन सिटी CMD का फेसबुक लाइव, निवेशकों के लिए तीन श्रेणियों में बनाई टीम; सेटलमेंट लिंक पर भी उठे सवाल
वाराणसी। करोड़ों रुपये की ठगी के आरोपी राशिद नसीम एक बार फिर चर्चा में हैं। शाइन सिटी के CMD राशिद नसीम इन दिनों दुबई से लगातार सोशल मीडिया पर लाइव आकर निवेशकों को उनका पैसा और जमीन लौटाने का भरोसा दे रहे हैं।
फेसबुक लाइव के जरिए निवेशकों को संदेश
‘राशिद नसीम ऑफिशियल’ नाम के फेसबुक पेज पर वह रोजाना लाइव आकर निवेशकों से संवाद कर रहा है। सोमवार को अपलोड एक वीडियो (लगभग 3 मिनट 56 सेकेंड) में उसने दावा किया कि कंपनी ने निवेशकों की समस्याओं के समाधान के लिए तीन अलग-अलग टीमें बनाई हैं।
हालांकि, इन वीडियो और दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।


तीन तरह के निवेशकों के लिए अलग प्लान
राशिद नसीम के अनुसार—
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पहला वर्ग: जिन्होंने पूरा भुगतान कर जमीन की रजिस्ट्री कराई, लेकिन कब्जा नहीं मिला
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दूसरा वर्ग: जिन्होंने पैसा दिया, लेकिन रजिस्ट्री नहीं हो सकी
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तीसरा वर्ग: जिन्होंने केवल निवेश के रूप में पैसा लगाया
उसका दावा है कि सभी श्रेणियों के निवेशकों को या तो जमीन दिलाई जाएगी या पैसा लौटाया जाएगा।
सेटलमेंट लिंक पर उठे सवाल
फेसबुक पेज पर एक ‘सेटलमेंट फॉर्म’ का लिंक भी साझा किया गया है, जिसे भरने की अपील की जा रही है।
हालांकि, निवेशकों के बीच इसे लेकर डर का माहौल है। कई लोगों को आशंका है कि यह कहीं नया साइबर फ्रॉड का तरीका न हो। अभी तक इस लिंक की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

20 मार्च को वेबसाइट लॉन्च का दावा
एक अन्य पोस्ट में दावा किया गया है कि 20 मार्च को एक नई वेबसाइट लॉन्च की जाएगी, जिसमें निवेशकों का पूरा डेटा और समाधान प्रक्रिया दिखाई जाएगी।
बताया गया है कि निवेशक घर बैठे अपने दस्तावेज अपलोड कर सकेंगे और वेरिफिकेशन के बाद उन्हें आगे की प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी।

वाराणसी में 127 मुकदमे दर्ज
शाइन सिटी मामले में वाराणसी में अब तक 127 मुकदमे दर्ज हैं। राशिद नसीम, उसके भाई आसिफ समेत कई निदेशकों और एजेंटों पर करीब 45 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी के आरोप हैं।
कैंट, शिवपुर, रोहनिया, राजातालाब, बड़ागांव और पिंडरा सहित कई थानों में मामले दर्ज हैं।
निवेशकों में संशय और उम्मीद दोनों
एक ओर जहां राशिद नसीम के दावों से कुछ निवेशकों में उम्मीद जगी है, वहीं दूसरी ओर सेटलमेंट लिंक और सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर संदेह भी बना हुआ है।
