BHU में फर्जी नौकरी रैकेट का पर्दाफाश: नेशनल सेंटर ऑफ एजिंग में नियुक्ति के नाम पर बांटे जा रहे जाली लेटर
National Centre of Ageing, IMS-BHU के नाम पर फर्जी जॉइनिंग लेटर जारी, नोडल अधिकारी प्रो. अनूप सिंह ने दी चेतावनी
वाराणसी (भदैनी मिरर)। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (IMS) स्थित 'नेशनल सेंटर ऑफ एजिंग' (National Centre of Ageing) के नाम पर फर्जी नौकरी का बड़ा मामला सामने आया है। विभिन्न आउटसोर्स पदों पर नियुक्ति दिलाने के नाम पर कुछ व्यक्तियों को जाली नियुक्ति पत्र (Appointment Letters) थमा दिए गए हैं। मामला संज्ञान में आने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने तुरंत एक्शन लेते हुए आम जनता और अभ्यर्थियों के लिए अलर्ट जारी किया है।

अनधिकृत लेटरहेड का इस्तेमाल
National Centre of Ageing के नोडल अधिकारी प्रो. अनूप सिंह ने स्पष्ट किया है कि ये सभी नियुक्ति आदेश पूरी तरह फर्जी हैं। जालसाजों द्वारा अनधिकृत और जाली लेटरहेड तैयार कर लोगों को ठगने का प्रयास किया जा रहा है। प्रो. सिंह ने बताया कि इस फर्जीवाड़े की गंभीरता को देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन को आधिकारिक तौर पर अवगत करा दिया गया है, ताकि उचित कानूनी कदम उठाए जा सकें।

बीएचयू प्रशासन की अपील: झांसे में न आएं
मामले की गंभीरता को देखते हुए काशी हिंदू विश्वविद्यालय प्रशासन ने अभ्यर्थियों और आमजन से सतर्कता बरतने की अपील की है। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि:
* किसी भी नियुक्ति आदेश, पत्राचार या भर्ती संबंधी दस्तावेज पर तब तक भरोसा न करें, जब तक कि वह विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट या अधिकृत भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से जारी न हुआ हो।
* किसी भी प्रकार के पत्राचार की प्रामाणिकता की जांच विश्वविद्यालय की अधिकृत एजेंसी अथवा संबंधित विभाग से अवश्य सत्यापित कर लें।
* नौकरी के नाम पर किसी भी प्रकार के संदिग्ध लेन-देन या अनधिकृत व्यक्तियों से दूर रहें।

विश्वविद्यालय प्रशासन इस मामले में आगे की कार्रवाई में जुट गया है, जिससे ऐसे फर्जीवाड़े पर रोक लगाई जा सके।
