जाति प्रमाण पत्र खारिज करने से नाराज गोंड समाज जिला मुख्यालय पहुंचा, किया प्रदर्शन और सौंपा ज्ञापन
स्क्रीनिंग कमेटी पर लगाया भेदभाव का आरोप, खारिज जाति प्रमाण पत्रों की जांच की मांग
गोंडवाना गणतंत्र पार्टी ने कहा-कार्रवाई नही हुई तो होगा व्यापक आंदोलन
वाराणसी, भदैनी मिरर। गोंडवाना गणतंत्र पार्टी उत्तर प्रदेश ने गोंड समाज के जाति प्रमाण खारिज किये जाने पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों पर जानबूझ कर और सोची-समझी साजिश के तहत प्रमाण पत्र खारिज करने का आरोप लगाया है। इसी क्रम में बुधवार 25 फरवरी को पार्टी ने वाराणसी कचहरी मुख्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया और आपनी मांगों से सम्बंधित राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुखबुद्ध सिंह मरावी ने किया।



इस दौरान पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया गया है वाराणसी में स्क्रीनिंग कमेटी द्वारा गोंड समाज के लोगों का जाति प्रमाण पत्र निरस्त किए जाने से समाज के लोगों को मानसिक, सामाजिक और प्रशासनिक उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है। इसके साथ ही आंगनबाड़ी की भर्ती में अनुसूचित जनजाति की सीटों पर अनियमितताओं की जांच कर दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की। कहाकि शासनादेशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए। निरस्त प्रमाण पत्रों की निष्पक्ष जांच कराई जाय और अनुसूचित जनजाति के अधिकारों की रक्षा की जाय।

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा। पार्टी का मानना है कि जाति प्रमाण पत्र बनाने और खारिज करने में गोंड समाज के साथ भेदभाव किया जा रहा है। सबका साथ सबका विकास का दाव करनेवाली सरकार को इस पर विचार करना चाहिए।

