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योगी के मंत्री का बड़ा बयान, बोले- अगर युद्ध थोपा गया, तो छोड़ा नहीं जाएगा, पकिस्तान को अब 'पाक'...

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Sanjay Nishad
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लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद ने पाकिस्तान की हालिया गतिविधियों को कायराना और उकसावे से प्रेरित बताते हुए भारत की सैन्य प्रतिक्रिया का जोरदार समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि भारत शांति का पक्षधर है, लेकिन अगर युद्ध थोपने की कोशिश की गई, तो उसका सशक्त जवाब दिया जाएगा।

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“आतंकी ठिकानों का सफाया जरूरी” – संजय निषाद

डॉ. निषाद ने शुक्रवार को मीडिया से बातचीत में कहा, “बीती रात पाकिस्तान ने जो हरकत की वह डरपोक मानसिकता को दर्शाता है। भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत जो कार्रवाई की है, वह आतंकवाद के खिलाफ एक निर्णायक कदम है।” उन्होंने आगे कहा, “हम बुद्ध की धरती से हैं, इसलिए शांति चाहते हैं, लेकिन आतंकवाद अब बर्दाश्त से बाहर है। अब समय आ गया है कि पाकिस्तान को ‘पाक’ किया जाए क्योंकि अब वह आतंक की धरती बन चुका है।”

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दूसरों के इशारे पर कर रहा पाकिस्तान उकसावे

मंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि पाकिस्तान बाहरी ताकतों के इशारे पर ऐसी हरकतें कर रहा है। उन्होंने कहा, “भारत आज आत्मनिर्भर है। हमारी सेना, हमारी सरकार और हमारी जनता युद्ध की स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। हम युद्ध नहीं चाहते, लेकिन अगर कोई हमें छेड़ेगा, तो उसे छोड़ा नहीं जाएगा।”

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ड्रोन से किया था हमला, भारत ने किया मुंहतोड़ जवाब

गौरतलब है कि गुरुवार रात पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर सहित भारत के कई सीमावर्ती इलाकों में ड्रोन हमले की कोशिश की, जिसे भारतीय वायु रक्षा प्रणाली ने नाकाम कर दिया। इसके जवाब में भारत ने 6–7 मई 2025 की रात 'ऑपरेशन सिंदूर' चलाकर पाकिस्तान के पंजाब प्रांत और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया।

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'ऑपरेशन सिंदूर' का उद्देश्य आतंक का खात्मा, सेना पर हमला नहीं

रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, इस अभियान के तहत जैश-ए-मोहम्मद के बाहावलपुर और लश्कर-ए-तैयबा के मुरिदके स्थित अड्डों को निशाना बनाया गया। यह कार्रवाई 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई, जिसमें 26 लोग मारे गए थे। मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि भारत ने किसी भी पाकिस्तानी सैन्य ठिकाने को निशाना नहीं बनाया, जिससे देश की संयमित और उद्देश्यपूर्ण रणनीति स्पष्ट होती है।

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