Prateek Yadav Profile: राजनीति से दूर, फिटनेस और लग्जरी कारों के शौकीन थे प्रतीक यादव, जानें उनके जीवन का सफर
ब्रिटेन से पढ़ाई के बाद लखनऊ में जमाया था जिम का बिजनेस, अखिलेश यादव के सौतेले भाई और अपर्णा यादव के पति प्रतीक ने बनाई थी अपनी अलग पहचान
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजनीति के 'महाप्राण' रहे मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव का बुधवार सुबह 38 वर्ष की अल्पायु में निधन हो गया। प्रतीक भले ही प्रदेश के सबसे बड़े राजनीतिक कुनबे से ताल्लुक रखते थे, लेकिन उन्होंने कभी भी सत्ता के गलियारों में अपनी जगह तलाशने की कोशिश नहीं की। उनकी पहचान एक सफल उद्यमी, फिटनेस फ्रीक और लग्जरी कारों के शौकीन के तौर पर रही।


लखनऊ से लंदन तक का सफर
7 जुलाई 1987 को लखनऊ में जन्मे प्रतीक यादव, मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे थे। उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई लखनऊ से करने के बाद उच्च शिक्षा के लिए विदेश का रुख किया। प्रतीक ने ब्रिटेन की प्रतिष्ठित लीड्स यूनिवर्सिटी से 'मैनेजमेंट' की डिग्री हासिल की थी।

सियासत से बनाई दूरी, फिटनेस को बनाया जुनून
जब वे पढ़ाई पूरी कर भारत लौटे, तो कयास लगाए जा रहे थे कि वे भी पिता मुलायम सिंह और बड़े भाई अखिलेश यादव की तरह राजनीति में आएंगे। लेकिन, प्रतीक ने अपनी राह अलग चुनी।
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फिटनेस का साम्राज्य: उन्होंने लखनऊ में 'द फिटनेस प्लैनेट' नाम से एक आधुनिक जिम की शुरुआत की।
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युवाओं के प्रेरणास्रोत: वे अक्सर सोशल मीडिया पर अपने वर्कआउट के वीडियो साझा करते थे, जिससे लाखों युवा प्रेरित होते थे।
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पशु प्रेमी: वे केवल बिजनेस तक सीमित नहीं थे, बल्कि 'जीव आश्रय' नामक संस्था के माध्यम से बेजुबान जानवरों की सेवा भी करते थे।
महंगी गाड़ियों और लग्जरी लाइफस्टाइल के थे शौकीन
प्रतीक यादव अपनी लाइफस्टाइल को लेकर अक्सर सुर्खियों में रहते थे। उन्हें महंगी कारों का जबरदस्त शौक था।

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जब उन्होंने लगभग 5 करोड़ रुपये की लैम्बोर्गिनी कार खरीदी थी, तो इसकी चर्चा पूरे देश में हुई थी।
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उन्हें लग्जरी लाइफस्टाइल और हाई-एंड ऑटोमोबाइल्स का बड़ा संग्रह रखने के लिए जाना जाता था।
अपर्णा यादव के साथ बिताया लंबा वक्त
प्रतीक की शादी भाजपा नेत्री अपर्णा यादव से हुई थी। इन दोनों की दोस्ती स्कूली दिनों से थी, जो बाद में प्यार और फिर शादी में बदली। प्रतीक अपने पीछे पत्नी और दो बेटियों का परिवार छोड़ गए हैं।
आकस्मिक निधन से शोक में डूबा परिवार
बुधवार सुबह जब उन्हें लखनऊ के सिविल अस्पताल लाया गया, तो डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हालांकि अभी मौत के कारण स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन उनके जाने से सैफई से लेकर लखनऊ तक शोक की लहर है। एक ऐसा शख्स जो हमेशा अपनी सेहत का ख्याल रखता था, उसका इतनी जल्दी चले जाना हर किसी को खटक रहा है।
