UP Weather Today: यूपी के 12 जिलों में मानसून का 'रेड अलर्ट', मूसलाधार बारिश और बिजली गिरने की चेतावनी
पूर्व से पश्चिम तक: 50 से अधिक जिलों में ऑरेंज व येलो अलर्ट
उत्तर प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर विकराल रूप धारण कर लिया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने प्रदेश के कई हिस्सों में अत्यधिक भारी बारिश को लेकर 'रेड अलर्ट' जारी किया है। बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और उत्तर भारत में सक्रिय मानसूनी चक्र के कारण अगले 24 घंटों के भीतर कई जिलों में जलभराव, नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी और आकाशीय बिजली गिरने का गंभीर खतरा जताया गया है।


मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 24 जुलाई तक पूरे राज्य में रुक-रुक कर मूसलाधार बारिश का दौर जारी रहेगा, जिससे अधिकतम तापमान में भारी गिरावट आएगी और लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिलेगी।
इन 12 जिलों में 'रेड अलर्ट': अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी
लखनऊ स्थित क्षेत्रीय मौसम केंद्र के अनुसार, तराई और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के 12 जिलों में स्थितियां बेहद संवेदनशील बनी हुई हैं। प्रशासन को अलर्ट पर रखा गया है।

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रेड अलर्ट वाले प्रमुख जिले:
बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, कासगंज, एटा, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल और बदायूं।
प्रशासनिक सतर्कता: इन जिलों में कुछ ही घंटों के भीतर भारी जलभराव, निचले इलाकों में पानी भरने और नदियों/नालों में उफान आने की आशंका है। स्थानीय प्रशासन को आपदा प्रबंधन टीमों को तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं।
पूर्व से पश्चिम तक: 50 से अधिक जिलों में ऑरेंज व येलो अलर्ट
रेड अलर्ट वाले जिलों के अलावा, प्रदेश के बाकी हिस्सों में भी भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
heavy rain (भारी से बहुत भारी बारिश) वाले जिले:
गोरखपुर, देवरिया, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, गोंडा, सीतापुर, हरदोई, फर्रुखाबाद, कन्नौज, सहारनपुर, आगरा, अलीगढ़, मुरादाबाद, बिजनौर और आसपास के क्षेत्र।

मध्यम से भारी बारिश वाले जिले:
वाराणसी, प्रयागराज, लखनऊ, कानपुर, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, मिर्जापुर, सोनभद्र, झांसी, मेरठ और गाजियाबाद समेत कई अन्य जिले।
आकाशीय बिजली का खतरा: मौसम विभाग ने जारी की एडवायजरी
मौसम विभाग ने मूसलाधार बारिश के साथ-साथ तेज गर्जन और आकाशीय बिजली (Lightning) गिरने को लेकर विशेष चेतावनी जारी की है।
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क्या करें और क्या न करें:
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बारिश और कड़क के दौरान खुले मैदानों, खेतों, पेड़ों के नीचे या बिजली के खंभों के पास बिल्कुल न खड़े हों।
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किसान भाइयों को सलाह दी गई है कि मौसम खराब होने पर तुरंत किसी पक्के मकान या सुरक्षित स्थान पर शरण लें।
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जलभराव वाले रास्तों पर वाहन चलाने से बचें और नदियों के तटवर्ती इलाकों से दूर रहें।
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क्यों अचानक इतना सक्रिय हुआ मानसून?
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी में बने मजबूत मानसूनी सिस्टम के कारण लगातार नमी वाली हवाएं उत्तर भारत की ओर बढ़ रही हैं। मानसूनी ट्रफ रेखा के यूपी से होकर गुज़रने की वजह से बादलों का जमावड़ा बना हुआ है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि इस मूसलाधार बारिश से राज्य में अब तक बनी बारिश की कमी काफी हद तक पूरी हो जाएगी। आंकड़ों के मुताबिक, पूर्वी उत्तर प्रदेश में अब तक सामान्य से करीब 33% कम वर्षा हुई थी, जिसकी भरपाई इस मानसूनी स्पेल से होने की उम्मीद है।
पिछले 24 घंटों का हाल: बरेली के बड़दाही में सबसे ज्यादा वर्षा
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश दर्ज की गई।
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सर्वाधिक बारिश: बरेली के बड़दाही में रिकॉर्ड 174 मिमी वर्षा दर्ज की गई।
