Meerut: कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शनकारियों पर पुलिस का लाठीचार्ज, छात्रा हत्याकांड में न्याय की मांग को लेकर अड़ा था समाज
सड़क जाम हटाने को लेकर पुलिस से तीखी नोकझोंक; हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारी, वीडियो से होगी उपद्रवियों की पहचान
भदैनी मिरर, मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में रोहटा थाना क्षेत्र की एक बीए की छात्रा की हत्या के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। इस जघन्य हत्याकांड के विरोध में और न्याय की गुहार लगाने बुधवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे परिजनों और दलित समाज के लोगों ने जमकर हंगामा और प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों द्वारा मुख्य सड़क जाम किए जाने के बाद पुलिस ने उन्हें हटाने के लिए लाठीचार्ज कर दिया, जिससे मौके पर अफरातफरी मच गई। पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया है।


"लाठी चला दो, फिर भी नहीं हटेंगे"... सड़क पर डटे रहे प्रदर्शनकारी
कलेक्ट्रेट के सामने प्रदर्शन कर रहे लोग अचानक मुख्य मार्ग पर ही धरने पर बैठ गए और जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सड़क जाम होने के कारण यातायात पूरी तरह ठप हो गया। मौके पर पहुंचे पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया और उनसे धरना चौधरी चरण सिंह पार्क में शिफ्ट करने का अनुरोध किया।

हालांकि, प्रदर्शनकारियों ने साफ इनकार करते हुए कहा, "चाहे लाठी चला दो, लेकिन हम किसी भी कीमत पर यहाँ से पीछे नहीं हटेंगे।" इस जिद के बाद मौके पर तनाव चरम पर पहुंच गया।
तीखी बहस के बाद पुलिस का लाठीचार्ज
काफी देर तक समझाने के बाद भी जब प्रदर्शनकारी सड़क खाली करने को तैयार नहीं हुए, तो पुलिस ने उन्हें बलपूर्वक हटाने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस और धक्का-मुक्की शुरू हो गई। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि इस दौरान कवरेज कर रहे मीडियाकर्मियों को भी रोकने का प्रयास किया गया।

पुलिस वाहन के अंदर अधिवक्ता ने किया आत्मघाती प्रयास, मचा हड़कंप
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, लाठीचार्ज के दौरान मौके पर पहुंचे वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) और एक अधिवक्ता के बीच भी तीखी नोकझोंक हुई। आरोप है कि पुलिस ने अधिवक्ता के साथ अभद्रता की और उन्हें हिरासत में लेकर पुलिस गाड़ी में बैठा दिया। बताया जा रहा है कि पुलिस वाहन के अंदर ही उक्त अधिवक्ता ने कथित तौर पर फंदा लगाने का आत्मघाती प्रयास किया, जिससे हड़कंप मच गया। इसके बाद पुलिस उन्हें तुरंत पुलिस लाइन ले गई। हालांकि, पुलिस प्रशासन ने इस घटना की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
एसएसपी बोले— वीडियो फुटेज के आधार पर होगी सख्त कार्रवाई
घटना के संबंध में मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडे ने स्पष्ट किया कि किसी को भी कानून-व्यवस्था अपने हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सड़क जाम करने और माहौल खराब करने वाले उपद्रवियों की पहचान मौके पर बने वीडियो फुटेज और सीसीटीवी के आधार पर की जा रही है। शासकीय कार्य में बाधा डालने और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ नियमानुसार सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। दूसरी ओर, एसपी देहात ने पीड़ित परिवार को निष्पक्ष जांच और जल्द से जल्द न्याय दिलाने का भरोसा दिया है।
