कलियुगी औलाद ने जायदाद के लिए कुल्हाड़ी से मारकर पिता, बहन और भांजी को उतार दिया मौत के घाट
नालायकियत की वजह से पिता ने चार बीघा जमीन लिख दी थी छोटे बेटे के नाम, दस विस्वा जमीन मांग रहा था हत्यारा
शराब पीकर पिता के कमरे पर पहुंचा, गला दबाये था तभी पहुंच गईं बहन और भांजी
कुल्हाड़ी से किये 12 वार, शवों को कुएं में फेंक कर ऊपर से डाल दिया था पुआल
प्रयागराज। प्रयागराज के मऊआइमा में लोकापुर विसानी गांव में कलियुगी औलाद मुकेश ने जायदाद के लिए कुल्हाड़ी से मारकर अपने पिता रामसिंह पटेल (55), बहन साधना और भांजी आस्था की बेरहमी से हत्या कर दी। इस नरपिशाच ने पिता की हत्या करने का फैसला पहले ही कर लिया था। जब पिता की गला दबाकर हत्या करने जा रहा था तभी पिता को बचाने बहन और भांजी आ गईं। इसके बाद अपनां के खून के प्यासे इस हत्यारे ने कुल्हाड़ी से मार कर उनकी भी जान ले ली। यही नही इस दरिंदे ने अपने सगे छोटे भाई को भी गोली मारकर जान से मारने का प्रयास किया। संयोगवश वह बाल-बाल मच गया। पुलिस ने रिश्तों को कलंकित करनेवाले हत्यारे मुकेश को गिरफ्तार कर मीडिया के सामने पेश किया। फिर अदालत ने उसे जेल भेज दिया। इस सनसनीखेज वारदात का एक पहलू यह भी है कि उसकी पत्नी प्रमिला अपने दुधमुहे बच्चे के साथ उसी दिन से लापता है। पुलिस उसकी भी तलाश कर रही है।




घर में काफी दिनों से जमीन बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा था। मुकेश की हरकतों से नाखुश पिता राम सिंह ने मकान और जमीन छोटे बेटे मुकुंद के नाम लिख दी थी। इसके बाद मुकेश पिता की हत्या करने के चक्कर में पड़ गया। पंद्रह दिन पहले वह अपने दो बच्चों को सोरांव स्थित साढू के घर छोड़ आया। शुक्रवार को शराब के नशे में धुत हुआ तो उसके सिर पर खून सवार हो गया। पुलिस की पूछताछ में उसने बताया कि शाम को उसने गांव की एक दुकान में शराब पीने के बाद घर आकर फिर शराब पी। फिर पिता को मारने की नीयत से रात करीब 12 बजे उनके कमरे के पास पहुंचा। गेट खटखटाने पर पापा ने पूछा कि कौन है। उसने कहा कि कुछ बात करनी है तो उन्होंने दरवाजा खोल दिया। पिता से बोला कि मुकुंद को चार बीघा जमीन दिया है, उसमें से 10 बिस्वा जमीन हमे दे दीजिए। उसके यह कहते ही पिता भड़क गए और कहा कि तुम्हारे जैसे नालायक को कोई जमीन नहीं मिलेगी। इस पर उसका खून खौल उठा और उनकी गर्दन दबा दी। पिता अपना बचाव करने लगे।


चीख-पुकार सुनकर बहन साधना और भांजी आस्था भी आ गई। दोनों उसे पकड़ कर खींचती रहीं। लेकिन वह माना नहीं और पिता की गला दबाए रखा। उनकी मौत होने के बाद पास में रखी कुल्हाड़ी से बहन और भांजी को भी मौत के घाट उतार दिया। फिर मर चुके पिता पर कुल्हाड़ी से कई वार किये। वारदात के बाद उसने तीनों शवों को एक कुएं में फेंक दिया और ऊपर से पुआल डाल दिया। इसकी जानकारी किसी को नही हो सकती थी। शुक्रवार की रात मुकेश का छोटा भाई मुकुंद घर पहुंचा तो पिता के कमर का ताला बंद था। शनिवार को वह मुकेश के पास पहुंचा और पिता, बहन और भांजी के बारे में पूछताछ करने लगा। इस पर उसने उससे विवाद कर लिया। इतने में मुकेश ने तमंचे से उस पर गोली चला दी। हालांकि, मुकुंद बाल-बाल बच गया। इसके बाद मुकेश मऊआइमा थाने पहुंचा और बड़े भाई पर हत्या का संदेह जताते हुए पिता, बहन और भांजी की गुमशुदगी दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने सोमवार को जब हत्यारोपित मुकेश पटेल को गिरफ्तार कर सख्ती से पूछताछ शुरू की तो उसने सारा कुकर्म उगल दिया।

अब छोटा भाई मुकुंद सशंकित है। उसने पुलिस को बताया कि मेरा भाई नही कसाई है। मुझे सुरक्षा की जरूरत है। जब उसके परिवार के तीन लोगों की हत्या हो सकती है तो उसे भी किसी दिन जान से मारा जा सकता है। उसने बताया कि मुकेश को गांव के ही एक व्यक्ति ने तमंचा दिया था। उधर, तीनों शवों के पोस्टमार्टम में पता चला कि मुकेश ने कुल्हाड़ी से 12 वार किये थे। सबके गर्दन और सिर पर वार किया था। परिवार में मुकेश की नालायकियत से लोग परेशान थे और वह पत्नी और बच्चों के साथ घर में अलग रहता था।
