Ayodhya News: राम मंदिर से 15 KM के दायरे में मांस-मछली पर पूरी तरह प्रतिबंध, ऑनलाइन नॉनवेज डिलीवरी भी बैन
अयोध्या धाम और पंचकोसी परिक्रमा क्षेत्र में लागू होगा आदेश, होटल-ढाबों के साथ फूड डिलीवरी कंपनियों पर भी सख्ती
अयोध्या| राम नगरी अयोध्या की पवित्रता और धार्मिक मर्यादा बनाए रखने के लिए प्रशासन ने एक बार फिर सख्त कदम उठाया है। राम मंदिर और पंचकोसी परिक्रमा क्षेत्र के 15 किलोमीटर के दायरे में मांस, मछली और अन्य मांसाहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। यह रोक अब सिर्फ होटल, ढाबे और दुकानों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि ऑनलाइन फूड डिलीवरी कंपनियों पर भी पूरी तरह लागू होगी।



ऑनलाइन नॉनवेज डिलीवरी पर भी पूरी तरह रोक
उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले में पहले से लागू प्रतिबंध के बावजूद यह शिकायतें सामने आ रही थीं कि ऑनलाइन ऑर्डर के जरिए पर्यटकों को नॉनवेज भोजन की डिलीवरी की जा रही है। इसके बाद प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए ऑनलाइन नॉन-वेजिटेरियन फूड डिलीवरी पर भी बैन लगा दिया है।

होटल, गेस्ट हाउस और होमस्टे को चेतावनी
अयोध्या शहर के कई होटल, गेस्ट हाउस और होमस्टे पर आरोप थे कि वे अपने मेहमानों को मांसाहारी भोजन और शराब परोस रहे हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने सभी को कड़ी चेतावनी जारी की है। असिस्टेंट फूड कमिश्नर माणिक चंद्र सिंह ने बताया, “हमें शिकायतें मिली थीं कि पहले से प्रतिबंध के बावजूद ऑनलाइन माध्यम से टूरिस्टों को मांसाहारी खाना परोसा जा रहा था। इसके बाद यह निर्णय लिया गया कि ऑनलाइन नॉनवेज डिलीवरी पर भी पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।”

सभी को आदेश की सूचना, लगातार होगी निगरानी
सहायक खाद्य आयुक्त ने बताया कि- सभी होटल संचालकों, दुकानदारों, ढाबा मालिकों और ऑनलाइन डिलीवरी कंपनियों को इस आदेश की लिखित सूचना दे दी गई है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आदेश के अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन लगातार मॉनिटरिंग करेगा।
आदेश के पीछे की वजह क्या है?
प्रशासन के मुताबिक, राम मंदिर और उसके आसपास के क्षेत्रों में मांसाहार पर पहले से रोक है, लेकिन इसके बावजूद नियमों का लगातार उल्लंघन हो रहा था। कुछ होटल और गेस्ट हाउस नियम नहीं मान रहे थे। पर्यटकों के लिए ऑनलाइन नॉनवेज मंगवाया जा रहा था। इन्हीं शिकायतों को देखते हुए अयोध्या धाम और परिक्रमा क्षेत्र में ऑनलाइन नॉनवेज डिलीवरी पर भी पूरी तरह रोक लगा दी गई।
शराब बिक्री पर अब भी सवाल
गौरतलब है कि पिछले वर्ष मई में अयोध्या नगर निगम ने अयोध्या और फैजाबाद को जोड़ने वाले 14 किलोमीटर लंबे रामपथ पर शराब और मांस की बिक्री पर प्रतिबंध का प्रस्ताव पारित किया था। हालांकि, नौ महीने बीतने के बाद भी स्थानीय लोगों का दावा है कि रामपथ पर अब भी दो दर्जन से अधिक लाइसेंस प्राप्त शराब की दुकानें संचालित हो रही हैं।
एक नगर निगम अधिकारी ने बताया कि मांस की दुकानों को हटाया जा चुका है, लेकिन शराब की दुकानों पर कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन की अनुमति जरूरी है।
नियम तोड़ने पर सख्त कार्रवाई
प्रशासन ने साफ किया है कि धार्मिक आस्था और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और निगरानी लगातार जारी रहेगी।
