राघव चड्ढा का राज्यसभा में डिमोशन: AAP ने क्यों हटाया डिप्टी लीडर पद से, जानिए अंदर की वजहें
आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा में बड़ा बदलाव करते हुए राघव चड्ढा को उपनेता पद से हटाया, अशोक मित्तल बने नए डिप्टी लीडर; फैसले के पीछे कई कारणों की चर्चा तेज
नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) ने राज्यसभा में बड़ा संगठनात्मक बदलाव करते हुए अपने वरिष्ठ नेता और सांसद राघव चड्ढा को डिप्टी लीडर (उपनेता) पद से हटा दिया है। उनकी जगह पंजाब से सांसद अशोक मित्तल को नया डिप्टी लीडर नियुक्त किया गया है। पार्टी ने इस संबंध में राज्यसभा सचिवालय को आधिकारिक पत्र भेजकर जानकारी दी।


राघव चड्ढा वर्ष 2022 से पंजाब से राज्यसभा सांसद हैं और उनका कार्यकाल 2028 तक है। हालांकि, इस फैसले के बाद सियासी गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं और इसके पीछे की वजहों को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
डिमोशन के पीछे संभावित वजहें
हालांकि AAP की ओर से आधिकारिक तौर पर कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है, लेकिन पार्टी सूत्रों और राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार कुछ प्रमुख कारण सामने आ रहे हैं:

- पार्टी गतिविधियों से दूरी:
हाल के समय में राघव चड्ढा पार्टी की सक्रिय राजनीति से कुछ दूर नजर आए। कई अहम मौकों पर उनकी चुप्पी चर्चा का विषय बनी। - महत्वपूर्ण मुद्दों पर प्रतिक्रिया नहीं:
दिल्ली आबकारी नीति मामले में पार्टी नेताओं को राहत मिलने के बाद भी उन्होंने कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी। - निजी जीवन के कारण व्यस्तता:
शादी के बाद उनके लंबे समय तक विदेश दौरे पर रहने और पार्टी गतिविधियों में कम भागीदारी की भी चर्चा रही। - संसद में समय प्रबंधन को लेकर असंतोष:
बताया जा रहा है कि राज्यसभा में निर्धारित समय में अधिक बोलने को लेकर भी पार्टी के भीतर असंतोष था। - पार्टी छोड़ने की अटकलें:
हाल ही में उनके दूसरे दल में जाने की चर्चाओं ने भी पार्टी नेतृत्व को सतर्क किया। - बदलता राजनीतिक रवैया:
पार्टी लाइन से अलग मुद्दों को प्राथमिकता देने को लेकर भी सवाल उठे।
जनता के मुद्दों से मिली लोकप्रियता
राघव चड्ढा ने संसद में कई ऐसे मुद्दे उठाए, जो सीधे आम जनता से जुड़े थे। इनमें शामिल हैं:
- गिग वर्कर्स के वेतन और सुरक्षा का मुद्दा
- एयरपोर्ट पर सस्ते खाने की सुविधा
- मोबाइल डेटा और रिचार्ज वैधता
- बैंक मिनिमम बैलेंस जुर्माना खत्म करने की मांग
- पितृत्व अवकाश को कानूनी अधिकार बनाने की पहल
- ट्रैफिक जाम और शहरी समस्याओं पर सवाल
इन मुद्दों की वजह से उन्हें युवाओं और आम लोगों के बीच काफी लोकप्रियता मिली।
कौन हैं अशोक मित्तल?
नए डिप्टी लीडर बनाए गए अशोक मित्तल पंजाब से राज्यसभा सांसद हैं। वे जालंधर के रहने वाले हैं और लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) के फाउंडर और चांसलर भी हैं। राजनीति में आने से पहले वे एक सफल उद्योगपति रहे हैं।

अब भी बरकरार है सस्पेंस
राघव चड्ढा को पद से हटाने के पीछे असली वजह क्या है, इस पर अभी भी आधिकारिक स्थिति साफ नहीं है। लेकिन इस फैसले ने यह जरूर संकेत दिया है कि AAP के अंदर सब कुछ सामान्य नहीं चल रहा।
