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'हनुमान चालीसा पढ़ रहा था...': PM मोदी से बातचीत में छलका कैप्टन स्मित का दर्द, बयां किया कॉकपिट का खौफनाक मंजर

फ्लाईदुबई 1073 के जांबाज भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार से पीएम मोदी ने की वीडियो कॉल, पूछा हालचाल; कैप्टन बोले- "हनुमान जी और संस्कारों ने बचाई 180 जानें"

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नई दिल्ली/दुबई: दुबई से तेल अवीव जा रही 'फ्लाईदुबई' फ्लाइट 1073 में ओमानी को-पायलट की विमान क्रैश करने की साजिश को नाकाम करने वाले जांबाज भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉल पर बातचीत की। इस दौरान पीएम मोदी ने कैप्टन स्मित के असाधारण साहस, तत्परता और मुश्किल वक्त में दिखाए गए संयम की जमकर तारीफ की और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की।

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प्रधानमंत्री से बातचीत के दौरान मुंबई निवासी कैप्टन स्मित काफी भावुक हो गए। उन्होंने बताया कि उस खौफनाक मोड़ पर जब वे गंभीर रूप से जख्मी होकर जिंदगी और मौत के बीच झूल रहे थे, तब 'हनुमान चालीसा' का पाठ और उनके मन में यात्रियों को सुरक्षित बचाने की तड़प ही उनकी हिम्मत बनी।

'गिर गया था, लेकिन पता था नहीं उठा तो सब खत्म हो जाएगा'

कैप्टन स्मित ने पीएम मोदी को कॉकपिट के भीतर हुए खूनी संघर्ष के वे खौफनाक पल बयां किए। सह-पायलट द्वारा अचानक प्लेन को नीचे गिराने की कोशिश के बाद दोनों के बीच कड़ा मुकाबला हुआ, जिसमें कैप्टन बुरी तरह घायल हो गए।

कैप्टन स्मित ने बताया, "मैं नीचे गिर गया था और शरीर से खून बह रहा था, लेकिन मुझे पता था कि अगर मैं अभी नहीं उठा तो सब मारे जाएंगे। मैं 17 साल से उड़ान भर रहा हूं और 11 साल से कैप्टन हूं, इसलिए आंखें बंद होने के बावजूद मुझे समझ आ रहा था कि विमान नीचे गिर रहा है। मैंने आखिरी सांस तक लड़ने का फैसला किया, खुद को उठाया और किसी तरह कॉकपिट का दरवाजा अनलॉक कर दिया।"

दरवाजा खुलते ही केबिन क्रू और यात्रियों ने कॉकपिट में प्रवेश कर आरोपी सह-पायलट को काबू में कर लिया, जिससे 174 से अधिक यात्रियों की जान बच गई।

'हनुमान चालीसा ने दी हिम्मत, आप मेरे सबसे बड़े आदर्श'

प्रधानमंत्री को अपना आदर्श बताते हुए कैप्टन स्मित ने कहा कि देश के प्रधानसेवक का खुद फोन कर हौसला बढ़ाना उनके लिए जीवन का सबसे गौरवान्वित क्षण है। उन्होंने बताया, "जब भी मैं संकट या असहनीय दर्द में होता हूं, मैं हनुमान चालीसा का पाठ करता हूं। उस भयानक घड़ी में भी मैं बस मन ही मन हनुमान चालीसा पढ़ रहा था। मेरे मन में केवल यही था कि मैं किसी को मरने नहीं दे सकता।"

'आपने दुनिया को दिखाया कि अहिंसा और वीरता क्या है': PM मोदी

प्रधानमंत्री मोदी ने कैप्टन की मां गीता बेन के संस्कारों और भगवद्गीता की सीख का उल्लेख करते हुए कहा कि पूरा देश उनकी इस बहादुरी पर गर्व महसूस कर रहा है। पीएम मोदी ने कहा, "आपने दुनिया को दिखाया है कि भारतीय दूसरों की जान लेने वाले नहीं, बल्कि अपनी जान जोखिम में डालकर दूसरों की रक्षा करने वाले होते हैं। आपके जल्द ठीक होने के लिए पूरे भारत में प्रार्थनाएं की गई हैं।"

पीएम मोदी ने कैप्टन स्मित का समुचित इलाज कराने के लिए यूएई और सऊदी अरब सरकार का धन्यवाद भी ज्ञापित किया। उन्होंने कैप्टन को भरोसा दिलाते हुए कहा, "भारत आपके स्वागत के लिए बेताब है और याद रखिए, मैं आपके लिए बस एक फोन कॉल की दूरी पर हूं।"