SEC की कार्रवाई से अडानी समूह को झटका, बाजार पूंजीकरण से 12.5 अरब डॉलर साफ
अमेरिकी नियामक ने गौतम अडानी को समन भेजने के लिए कोर्ट से मांगी अनुमति, शेयरों में 3% से 14% तक गिरावट
नई दिल्ली/मुंबई। अडानी समूह की कंपनियों को शुक्रवार को बड़ा झटका लगा, जब अमेरिकी बाजार नियामक यूएस सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन (SEC) ने कथित धोखाधड़ी और रिश्वतखोरी के मामले में समूह के संस्थापक गौतम अडानी और उनके भतीजे व समूह कार्यकारी सागर अडानी को समन भेजने के लिए अदालत से अनुमति मांगी। इस खबर के सामने आते ही अडानी समूह की कंपनियों का कुल बाजार पूंजीकरण करीब 12.5 अरब डॉलर घट गया।


शुक्रवार को शेयर बाजार में अडानी समूह के शेयरों में 3.4% से 14.54% तक की गिरावट दर्ज की गई। समूह की प्रमुख कंपनी अडानी एंटरप्राइजेज निफ्टी-50 में सबसे ज्यादा गिरावट वाले शेयरों में शामिल रही। कंपनी का शेयर 10.65% टूटकर 1864.20 रुपये पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी-50 में कुल मिलाकर 0.95% की गिरावट रही।

क्या है मामला
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी SEC ने गुरुवार को एक कोर्ट फाइलिंग में कहा कि वह गौतम अडानी और सागर अडानी को व्यक्तिगत रूप से ईमेल के जरिए समन भेजने की अनुमति चाहती है। यह मामला 265 मिलियन डॉलर की कथित रिश्वत योजना और धोखाधड़ी से जुड़ा है।

नवंबर 2024 में सार्वजनिक हुए अमेरिकी अभियोग में आरोप लगाया गया था कि अडानी समूह के कुछ वरिष्ठ अधिकारी भारत में सरकारी अधिकारियों को रिश्वत देने की योजना में शामिल थे, ताकि अडानी ग्रीन एनर्जी द्वारा उत्पादित बिजली की खरीद सुनिश्चित की जा सके।
अमेरिकी कानून का हवाला
अमेरिकी कानून के तहत, वे विदेशी कंपनियां जो अमेरिकी निवेशकों से पूंजी जुटाती हैं, उन्हें विदेशों में रिश्वत देने या भ्रामक जानकारी के आधार पर निवेश आकर्षित करने की अनुमति नहीं है। SEC का कहना है कि इसी कानून के उल्लंघन की जांच के तहत यह कार्रवाई की जा रही है।
फाइलिंग के अनुसार, भारत सरकार पहले ही दो बार SEC की ओर से भेजे गए समन को तामील कराने से इनकार कर चुकी है, जिसके बाद अब ईमेल के जरिए समन भेजने की अनुमति मांगी गई है।
अडानी समूह की प्रतिक्रिया
अडानी समूह ने इन सभी आरोपों को “निराधार” बताया है और कहा है कि वह अपने बचाव में सभी कानूनी विकल्पों का सहारा लेगा। हालांकि, 21 जनवरी की ताजा SEC फाइलिंग पर समूह की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई।
बाजार की प्रतिक्रिया
स्वतंत्र बाजार विश्लेषक अंबरीश बालिगा ने कहा कि निवेशकों को लग रहा था कि मामला खत्म हो चुका है, लेकिन SEC की नई फाइलिंग अचानक सामने आई, जिससे बाजार में नकारात्मक माहौल बन गया। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर अगले कुछ हफ्तों तक अनिश्चितता बनी रह सकती है, खासकर तब जब बाजार की समग्र धारणा पहले से कमजोर है।
