वाराणसी: कबीरचौरा अस्पताल पहुंचे CMO डॉ. एनपी सिंह, लापरवाही और देर से आने पर मिलेगी सजा
'इमर्जेंसी में तुरंत मिले इलाज, तीमारदारों से हो संवेदनशील व्यवहार', मरीजों से जाना हाल-चाल और दवाओं की उपलब्धता
वाराणसी: कबीरचौरा स्थित श्री शिव प्रसाद गुप्त (SSPG) मंडलीय जिला चिकित्सालय की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को परखने के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. एन.पी. सिंह ने बुधवार को अचानक अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने आपातकालीन सेवाओं (इमर्जेंसी) और विभिन्न वार्डों का जायजा लिया।


मरीजों से जाना हाल-चाल और दवाओं की उपलब्धता
निरीक्षण के दौरान सीएमओ सीधे वार्डों में भर्ती मरीजों के पास पहुंचे और उनके स्वास्थ्य व चल रहे इलाज की जानकारी ली। उन्होंने मरीजों से अस्पताल में मिल रही दवाओं, भोजन और चिकित्सा सुविधाओं के संबंध में भी फीडबैक लिया। सीएमओ ने निर्देश दिए कि शासन की मंशा के अनुरूप हर मरीज को नि:शुल्क दवाएं और बेहतर इलाज मिलना सुनिश्चित किया जाए।

'इमर्जेंसी में तुरंत मिले इलाज, तीमारदारों से हो संवेदनशील व्यवहार'
सीएमओ ने आकस्मिक कक्ष (इमर्जेंसी) में तैनात डॉक्टरों से बातचीत कर आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को देखा। उन्होंने सख्त हिदायत दी कि आपात स्थिति में आने वाले हर मरीज को बिना किसी देरी के तत्काल इलाज दिया जाए। साथ ही, डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ को मरीजों और उनके तीमारदारों के साथ संवेदनशील और मानवीय दृष्टिकोण से व्यवहार करने के निर्देश दिए।


लापरवाही और देर से आने पर मिलेगी सजा
डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ की उपस्थिति को लेकर सीएमओ ने कड़ा रुख अपनाया:
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सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्धारित समय पर ड्यूटी पर उपस्थित रहने का आदेश दिया गया।
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ड्यूटी में किसी भी प्रकार की लापरवाही, ढिलाई या अनावश्यक विलंब को अस्वीकार्य बताया गया।
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अस्पताल परिसर में नियमित साफ-सफाई, वार्डों में स्वच्छता और संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने स्पष्ट किया कि जिला अस्पताल में आने वाले हर जरूरतमंद को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
