Rahul Mahajan Emotional: पिता प्रमोद महाजन के अंतिम संस्कार का वह खौफनाक दिन आज भी नहीं भूले राहुल
पॉडकास्ट में छलका राहुल महाजन का दर्द; पिता की मौत के बाद मीडिया की चकाचौंध और तिहाड़ जेल के दिनों को किया याद
मनोरंजन डेस्क (भदैनी मिरर): टेलीविजन जगत के चर्चित चेहरे और भाजपा नेता राहुल महाजन ने हाल ही में एक पॉडकास्ट के दौरान अपने जीवन के सबसे काले और चुनौतीपूर्ण दौर को याद कर भावुक हो गए। उन्होंने अपने पिता और दिवंगत भाजपा नेता प्रमोद महाजन के निधन के बाद के समय को याद करते हुए बताया कि कैसे उस व्यक्तिगत त्रासदी के बीच उन्हें मीडिया की पैनी नजरों और भारी भीड़ के बीच असहज स्थिति का सामना करना पड़ा था।

अंतिम संस्कार के दौरान चेहरे पर थे 400 कैमरे
पॉडकास्ट में बात करते हुए राहुल महाजन ने उस दुखद समय को याद किया जब उनके पिता का निधन हुआ था। उन्होंने बताया कि पिता के अंतिम संस्कार के वक्त वहां लगभग 400 कैमरे मौजूद थे। अस्पताल से निकलते वक्त भी 15 से 20 कैमरे उनके चेहरे के करीब थे। राहुल ने दर्द बयां करते हुए कहा कि ऐसा महसूस हो रहा था जैसे लोग उनके आंसुओं और दुख का तमाशा देख रहे हों और उनके हर भाव को कैमरे में कैद करने के लिए बेताब हों। उस कठिन समय में उन्हें अपनी निजता (Privacy) बचाने के लिए संघर्ष करना पड़ा था।
एक साल में देखे जीवन के सबसे बड़े उतार-चढ़ाव
भावुक होते हुए राहुल ने कहा कि उन्हें लगा था कि पिता के जाने से बड़ा दुख और क्या हो सकता है, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। पिता के निधन के महज एक महीने के भीतर ही उन्हें तिहाड़ जेल जाना पड़ा। राहुल ने नम आंखों से कहा कि उन्होंने महज एक साल के भीतर जीवन के इतने उतार-चढ़ाव देख लिए थे, जितने शायद ही किसी ने देखे हों।
टूटी तीनों शादियां, अब अकेले हैं राहुल
अपने निजी जीवन पर खुलकर बात करते हुए राहुल महाजन ने अपनी तीन असफल शादियों और तलाक का भी जिक्र किया। उनकी पहली शादी श्वेता सिंह से हुई थी, इसके बाद उन्होंने रियलिटी शो के दौरान डिंपी गांगुली से विवाह किया और फिर नतालिया इलिना के साथ तीसरी बार घर बसाया। हालांकि, तीनों ही रिश्ते ज्यादा समय तक नहीं टिक सके और आज राहुल अकेले जीवन बिता रहे हैं। उन्होंने माना कि जिंदगी के इन कड़वे अनुभवों और 365 दिनों के भीतर आए तूफानों ने उन्हें मानसिक रूप से झकझोर कर रख दिया था।
