वाराणसी:जैतपुरा पुलिस ने 27 किलो गांजे के साथ 3 को दबोचा
वाराणसी: ट्रेन से ब्रीफकेस में भरकर लाते थे गांजा, जैतपुरा पुलिस ने 5 लाख के गांजे के साथ 3 तस्करों को भेजा जेल
भदैनी मिरर क्राइम डेस्क, वाराणसी: वाराणसी कमिश्नरेट की जैतपुरा थाना पुलिस ने अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्कर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन शातिर तस्करों को गिरफ्तार किया है। ये तस्कर बिहार से ट्रेन के जरिए ब्रीफकेस में गांजा भरकर वाराणसी लाते थे और फिर यहाँ से पूर्वांचल के कई जिलों में इसकी सप्लाई करते थे। पुलिस ने इनके कब्जे से कुल 27 किलो 615 ग्राम गांजा बरामद किया है, जिसकी अनुमानित अंतरराष्ट्रीय कीमत लगभग 5 लाख रुपये बताई जा रही है।


नक्खीघाट अंडरपास के पास से हुई गिरफ्तारी
जैतपुरा थानाध्यक्ष (SO) उपेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि तस्करों की एक खेप शहर में सप्लाई के लिए पहुँच रही है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर नक्खीघाट अंडरपास के समीप से तीनों आरोपियों को रंगे हाथों धर दबोचा।

पकड़े गए तस्करों की पहचान निम्नलिखित रूप में हुई है:
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राहुल गुप्ता (निवासी: गहमर, गाजीपुर, उत्तर प्रदेश)
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सत्यम कुमार (निवासी: आरा, बिहार)
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सूरज तिवारी (निवासी: आरा, बिहार)
कम उम्र के युवाओं को लालच देकर बनाते थे पैडलर
थानाध्यक्ष उपेंद्र प्रताप सिंह ने गिरोह के काम करने के तरीके (Modus Operandi) का खुलासा करते हुए बताया कि यह गिरोह एक संगठित सिंडिकेट के रूप में काम कर रहा था। गिरोह के मुख्य सरगना कम उम्र के युवाओं को जल्दी और आसान पैसे कमाने का लालच देकर तस्करी के जाल में फंसाते थे। ये युवा साधारण यात्रियों की तरह सूटकेश और ब्रीफकेस में गांजा छिपाकर ट्रेन से यात्रा करते थे ताकि किसी को शक न हो।

पुलिस टीम और आगामी कार्रवाई
इस सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में थानाध्यक्ष उपेंद्र प्रताप सिंह के साथ हेड कांस्टेबल कुलदीप सिंह और कांस्टेबल विपिन मिश्रा शामिल रहे।
पुलिस ने तीनों अभियुक्तों से गहन पूछताछ के बाद उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहाँ से अदालत ने उन्हें जेल भेज दिया है। पुलिस अब इस सिंडिकेट से जुड़े अन्य मुख्य सरगनाओं और पूर्वांचल में गांजे की खेप हासिल करने वाले लोकल खरीदारों (Net network) का पता लगा रही है।
