अवैध शराब कारोबारी के खिलाफ हुकुलगंज की महिलाओं का हल्लाबोल, थाने का किया घेराव; पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
आबकारी विभाग की कार्रवाई के बाद बढ़ा विवाद; स्थानीय निवासियों का आरोप- अवैध शराब की बिक्री से पूरा इलाका परेशान
वाराणसी (भदैनी मिरर)। वाराणसी के थाना लालपुर-पांडेयपुर क्षेत्र अंतर्गत हुकुलगंज (राम जी डेंटर वाली गली) में अवैध शराब की धड़ल्ले से हो रही बिक्री और पुलिस प्रशासन की ढुलमुल कार्यप्रणाली से आक्रोषित होकर सोमवार (21 सितंबर 2026) को भारी संख्या में क्षेत्रीय महिलाएं और पुरुष सड़कों पर उतर आए। आक्रोशित लोगों ने थाना लालपुर-पांडेयपुर परिसर का घेराव किया और पुलिस के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर की।
स्थानीय निवासियों का स्पष्ट आरोप है कि क्षेत्र में अवैध रूप से 24 घंटे शराब बेचने वाले अजय कुमार गुप्ता उर्फ डब्बू और उसके परिजनों पर सख्त कार्रवाई करने के बजाय, पुलिस शिकायतकर्ताओं और विरोध करने वाले युवकों को ही प्रताड़ित कर रही है।
"घर-घर बिक रही शराब, 24 घंटे खुलेआम छलकाए जा रहे जाम"
थाना परिसर में विरोध दर्ज कराने पहुंची स्थानीय महिला मनी और सुखा देवी ने रोते-बिलखते हुए अपनी व्यथा सुनाई।
* 24 घंटे अवैध बिक्री: महिलाओं का कहना है कि हुकुलगंज की राम जी डेंटर वाली गली में डब्बू गुप्ता अपने घरों से 24 घंटे दिन-रात शराब बिकवाता है। इसमें उसके घर के पुरुष और महिलाएं तक शामिल हैं।
* पारिवारिक तबाही: स्थानीय महिलाओं ने आरोप लगाया कि शराब की लत के कारण 10-10 साल के बच्चों से लेकर नौजवान और घर के अभिभावक अपनी जमा-पूंजी और कमाई इसमें बर्बाद कर रहे हैं। कई परिवारों के कमाने वाले सदस्य शराब की भेंट चढ़ चुके हैं, जिससे चूल्हे जलने बंद हो गए हैं।
* पुलिस की सूचना लीक होने का आरोप: पीड़ित महिलाओं का दावा है कि जब भी आबकारी या पुलिस की टीम आने वाली होती है, तो वहां पहले से फोन पहुंच जाता है और शराब वहां से हटा दी जाती है।
"दारू बंद कराने की उठाई मांग, तो पुलिस ने शिकायतकर्ता को ही बैठा लिया"
स्थानीय निवासी विक्की और आशुतोष ने बताया कि अजय कुमार गुप्ता उर्फ डब्बू को आबकारी विभाग ने 14 अगस्त को भारी मात्रा में अवैध शराब के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा था। लेकिन छूटकर आते ही उसने फिर से धंधा शुरू कर दिया।
* फर्जी मुकदमों में फंसाने की धमकी: स्थानीय निवासियों का कहना है कि जब मोहल्ले के युवकों (संदीप गुप्ता, विकास आदि) ने अवैध शराब की बिक्री बंद कराने के लिए आंदोलन चलाया और उच्च अधिकारियों (एसएसपी ऑफिस) में प्रार्थना पत्र दिया, तो डब्बू और उसके पक्ष द्वारा उन पर रंगदारी, पोस्टर चस्पा करने व वीडियो वायरल करने का फर्जी इल्जाम लगाया जाने लगा।
* पुलिस की एकतरफा कार्रवाई: स्थानीय लोगों का आरोप है कि सोमवार को जब वे थाने पर अपनी शिकायत की पैरवी करने पहुंचे, तो पुलिस ने उल्टे संदीप गुप्ता को ही थाने में बैठा लिया। पीड़ितों का कहना है कि शराब कारोबारी आजाद घूम रहा है और पुलिस शिकायतकर्ताओं पर ही दबाव बना रही है।
संदीप की मां अनीता गुप्ता ने लगाए गंभीर आरोप
पकड़े गए युवक संदीप गुप्ता की मां अनीता गुप्ता ने पुलिस की कार्यशैली पर कड़े सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा- "हमारा बेटा तो अवैध शराब का धंधा बंद कराने और सामाजिक व्यवस्था सुधारने में लगा था। लेकिन पुलिस ने बिना किसी ठोस वजह के उसे थाने में बैठा रखा है। हमें आशंका है कि पुलिस डब्बू पक्ष के दबाव या लेन-देन में आकर हमारे बेटे को किसी झूठे मुकदमे में फंसा सकती है।"
अनीता गुप्ता ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मामले में हस्तक्षेप कर निष्पक्ष जांच कराने और निर्दोष बेटे को न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।
स्थिति को संभालने में जुटी पुलिस; जांच जारी
दूसरी ओर, थाना लालपुर-पांडेयपुर पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए शांति व्यवस्था भंग करने की आशंका में कुछ लोगों पर विधिक कार्रवाई (चालान) की है। डब्बू पक्ष की ओर से लगाए गए रंगदारी और फोटो वायरल करने की धमकी के आरोपों तथा स्थानीय निवासियों द्वारा लगाए गए आबकारी व पुलिस की साठगांठ के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।