वाराणसी : प्रिंसपल ने कक्षा 4 की छात्राओं से की अश्लील हरकत, ग्रामीणों ने घेर लिया विद्यालय, पहुंची फोर्स
चार छात्राओं ने प्रिंसपल पर छेड़खानी और अश्लील वीडियो दिखाने का लगाया आरोप
महिलाएं और पुरूष प्रिंसपल को कमरे में बंद कर करने लगे विरोध प्रदर्शन
पुलिस और शिक्षा विभाग के अधिकारी पहुंचे, दिया कार्रवाई का आश्वासन
वाराणसी, भदैनी मिरर। वाराणसी के शिवपुर थाना क्षेत्र में स्थित प्राथमिक विद्यालय पिसौर में एक प्रिंसिपल पर कक्षा चार की चार छात्राओं से छेड़खानी का गंभीर आरोप लगाया है। मामले की जानकारी होते ही बड़ी संख्या के ग्रामीण पुरूष और महिलाओं ने विद्यालय को घेर लिया और प्रिंसिपल को कमरे में बंद कर विरोध प्रदर्शन करने लगे। हंगामे की सूचना पर शिवपुर, कैंट और रोहनिया थानों की फोर्स के अलावा पुलिस और शिक्षा विभाग के अधिकारी पहुंचे। काफी मसझाने और कार्रवाई के आश्वासन के बाद किसी तरह ग्रामीण शांत हो गये। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि ग्रामीणों ने प्रधानाध्यापक को पीटने का मन बना लिया था। पुलिस को ग्रामीणों से बचाकर प्रधानाध्यापक को हेलमेट पहनाकर और बाकायदा घेरे में लेकर जाना पड़ा। हालांकि ग्रामीणों ने कुछ और अध्यापकों पर भी आरोप लगाये हैं। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जायेगी और जो भी दोषी होगा उनके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी।
प्राथमिक विद्यालय पिसौर में प्रिंसिपल पर कक्षा चार में पढ़ने वाली चार बच्चियों के साथ छेड़खानी का गंभीर आरोप है। इस घटना के बाद ग्रामीण लामबंद हो गए हैं और उन्होंने प्रिंसिपल को विद्यालय के एक कमरे में बंद कर दिया है। ग्रामीणों ने नारेबाजी करते हुए आरोपित के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़ गये। परिजनों का आरोप है कि प्रधानाध्यापक ने शनिवार को चार बच्चियों के साथ छेड़खानी की। इस दौरान उसने बच्चियों को गलत तरीके से छुआ और प्राइवेट पार्ट पर हाथ लगाने के साथ ही बाथरूम में जाते हुए निहारता रहा। इसके बाद बच्चियों को पास बुलाकर अश्लील वीडियो भी दिखा रहा था। घटना शनिवार की है लेकिन रविवार को छुट्टी होने के कारण ग्रामीण कोई कार्रवाई नहीं कर पाए। सोमवार को विद्यालय खुलने का इंतजार करते हुए ग्रामीणों ने प्रिंसिपल को पकड़ लिया और उसे प्रधानाध्यापक कक्ष में बंद कर दिया। पुलिस मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों को समझाने का प्रयास करती रही।
पुलिस के उच्च अधिकारियों डीसीपी वरुण जोनन और प्रमोद कुमार एसीपी कैंट ने मौके पर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। ग्रामीण हाथों में चप्पल की माला लिए हुए आरोपित को खुद के हवाले करने की मांग कर रहे थे। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से कहाकि कानून अपने हाथ में न लें और स्कूल से बाहर निकल जांय। एसडीएम सदर और खंड शिक्षा अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाने का प्रयास किया। पुलिस ने माइक से एनाउंस कर सभी से संयम और धैर्य रखने की अपील की। कहा कि आरोपित के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसी घटनाओं को बर्दाश्त नही करेंगे। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।