{"vars":{"id": "125128:4947"}}

Varanasi News: 'डरकर बेजुबानों को न मारें, वे पर्यावरण का संतुलन हैं', सर्वेश वन्य जीव संस्थान ने ग्रामीणों को किया जागरूक

सिंधोरा के जाठी में ग्रामीणों और युवाओं ने लिया पर्यावरण बचाने का संकल्प; वन्य जीव दिखने पर रेस्क्यू टीम को सूचना देने की कही बात।

 

वाराणसी (भदैनी मिरर ब्यूरो): बदलते दौर में पर्यावरण का संतुलन बनाए रखने और लुप्त हो रहे वन्य जीवों को बचाने के लिए सामाजिक प्रयास तेज हो गए हैं। इसी कड़ी में वाराणसी जिले के सिंधोरा थाना क्षेत्र अंतर्गत जाठी में सर्वेश वन्य जीव संरक्षण संस्थान द्वारा एक विशेष वन्य जीव एवं पर्यावरण संरक्षण जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अभियान में स्थानीय ग्रामीणों, युवाओं और क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और प्रकृति को बचाने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम को मुख्य रूप से संबोधित करते हुए संस्थान के अध्यक्ष सर्वेश कुमार ने वन्य जीवों और इंसानों के बीच के तालमेल पर गहरा प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सांप, उल्लू, नेवला, गोह, रंग-बिरंगे पक्षी और अन्य वन्य जीव हमारी प्रकृति की अमूल्य धरोहर हैं। ये सभी जीव खाद्य श्रृंखला (Food Chain) का अहम हिस्सा हैं और पर्यावरण का संतुलन बनाए रखने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

अज्ञानता और डर के कारण न लें बेजुबानों की जान

संस्थान के अध्यक्ष ने इस बात पर चिंता जताई कि अक्सर अज्ञानता, अंधविश्वास और बेवजह के डर के कारण लोग इन बेजुबान जीवों को देखते ही मार देते हैं, जो कि पूरी तरह गलत है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अधिकांश वन्य जीव इंसानों पर तब तक हमला नहीं करते, जब तक कि उन्हें खुद के लिए कोई बड़ा खतरा महसूस न हो।

उन्होंने ग्रामीणों और युवाओं से विशेष अपील करते हुए कहा:

"यदि किसी के घर, खेत या रिहायशी इलाके में कोई वन्य जीव या विषैला सर्प दिखाई दे, तो कानून को हाथ में न लें और न ही उसे नुकसान पहुँचाएं। ऐसी स्थिति में तुरंत वन विभाग या सर्वेश वन्य जीव संरक्षण संस्थान की रेस्क्यू टीम को सूचित करें, ताकि विशेषज्ञों द्वारा सुरक्षित रेस्क्यू कर उन्हें उनके प्राकृतिक आवास (जंगलों) में वापस छोड़ा जा सके।"

संस्थान लगातार कर रहा निशुल्क रेस्क्यू

जागरूकता मंच से बताया गया कि संस्थान द्वारा जिले और आसपास के क्षेत्रों में समय-समय पर पूरी तरह से निःशुल्क (Free) वन्य जीव रेस्क्यू ऑपरेशन, जन-जागरूकता अभियान और वृक्षारोपण जैसे पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। कार्यक्रम के समापन पर वहाँ उपस्थित सभी लोगों ने सामूहिक रूप से वन्य जीवों की सुरक्षा करने और अपने आसपास के वातावरण को हरा-भरा रखने की शपथ ली। संस्थान ने युवाओं और समाजसेवियों से अपील की है कि वे इस मुहिम का हिस्सा बनकर प्रकृति को बचाने में अपना बहुमूल्य योगदान दें।

संस्थान की ओर से विशेष अपील (Bhadaini Mirror Special)

"आइए, हम सब मिलकर वन्य जीवों की रक्षा का संकल्प लें, अपने पर्यावरण को सुरक्षित रखें और आने वाली पीढ़ियों के लिए एक संतुलित, स्वस्थ और हरित भारत का निर्माण करें। यदि आप भी वन्य जीव संरक्षण और प्रकृति सेवा के इस पुनीत अभियान का हिस्सा बनना चाहते हैं, तो सर्वेश वन्य जीव संरक्षण संस्थान से जुड़ें और इस मुहिम को और मजबूत बनाएं।"