वाराणसी: शिवपुर खेत में मिठाई के झोले में मिला लावारिस नवजात, महिला ने सूझबूझ से बचाई मासूम की जान
सुद्धिपुर कठवतिया गांव में झाड़ियों के पास रोने की आवाज सुनकर पहुंची महिला, पुलिस ने सुरक्षित पंहुचाया पंडित दीनदयाल अस्पताल
वाराणसी, भदैनी मिरर। शिवपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत सुद्धिपुर कठवतिया गांव में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। गांव में पप्पू पटेल के घर के पास खेत में रात के अंधेरे में कोई अज्ञात व्यक्ति एक नवजात शिशु को मिठाई के झोले में बंद करके फेंक गया। सुबह खेत की तरफ गई एक स्थानीय महिला की सतर्कता और सूझबूझ से मासूम की जान बच सकी।
रोने की आवाज सुनकर जानवर समझा, फिर खेत में देखा तो उड़े होश
घटना के संबंध में सुधीपुर की रहने वाली रीता ने बताया कि सुबह करीब 5 बजे जब वह घर की सफाई कर रही थीं, तब उन्हें दूर झाड़ियों की तरफ से किसी के चिल्लाने और रोने की आवाज सुनाई दी। शुरुआत में उन्हें लगा कि किसी जानवर ने बच्चा दिया है और उसकी आवाज आ रही है। इसके बाद वह अपने बच्चों का टिफिन बनाने और घर के दैनिक कार्यों में व्यस्त हो गईं।
घर के काम निपटाने के बाद जब रीता अपनी माताजी के साथ खेत की तरफ गईं, तो दोबारा रोने की तेज आवाज सुनाई दी। जब रीता ने खेत के पास जाकर ध्यान से देखा, तो एक मिठाई का झोला पड़ा हुआ था। जब उन्होंने अपनी मां के साथ जाकर झोला खोलकर देखा तो उनके होश उड़ गए, झोले में एक नवजात शिशु रखा हुआ था।
मिठाई के झोले में था नवजात, गांव में मचा हड़कंप
झोले में बच्चे को देखते ही रीता की मां ने तुरंत आसपास के लोगों को बुलाने को कहा। देखते ही देखते मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने बिना देर किए तुरंत स्थानीय पुलिस प्रशासन को मामले की सूचना दी।
पुलिस ने सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया, बच्चा पूरी तरह स्वस्थ
सूचना मिलते ही शिवपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस टीम ने तुरंत नवजात को अपने संरक्षण में लिया और स्वास्थ्य परीक्षण के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल भेजा।
स्थानीय महिला रीता के अनुसार, समय पर मिल जाने के कारण बच्चा पूरी तरह से सही-सलामत है। उसने आंखें खोल ली हैं और स्थिति सामान्य है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगालकर नवजात को फेंकने वाले अज्ञात व्यक्ति की तलाश में जुट गई है।