वाराणसी: CMO का अराजीलाइन CHC पर औचक छापा, अधीक्षक का वेतन रोका, नवजात को रेफर करने पर मांगी रिपोर्ट
सुबह 8:45 बजे तक गायब मिले डॉक्टर और स्टाफ, कोल्ड चेन रजिस्टर में भी मिली गड़बड़ी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने दी कड़ी चेतावनी।
वाराणसी। जनपद की स्वास्थ्य व्यवस्था को पटरी पर लाने और मरीजों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. मुकेश कुमार एक्शन मोड में हैं। बुधवार को सीएमओ ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) अराजीलाइन का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अस्पताल में भारी अव्यवस्था, डॉक्टरों-कर्मचारियों की लेट-लतीफी और गंदगी देखकर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई। लापरवाही पर बड़ा एक्शन लेते हुए सीएमओ ने CHC अधीक्षक का वेतन रोक दिया है और स्पष्टीकरण मांगा है।
सुबह 8:45 बजे तक खाली थीं कुर्सियां, डॉक्टर-स्टाफ गायब
बुधवार सुबह करीब 8:45 बजे जब सीएमओ डॉ. मुकेश कुमार अचानक अराजीलाइन सीएचसी पहुंचे, तो वहां का नजारा चौंकाने वाला था। कुछ गिने-चुने डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ को छोड़कर अधिकांश कर्मचारी ड्यूटी से नदारद मिले। अस्पताल परिसर और विभिन्न विभागों में गंदगी का अंबार लगा था। इस बदहाली को देख सीएमओ ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
अधीक्षक का वेतन रोका, अनुशासन पर सख्त रुख
अस्पताल की इस प्रशासनिक शिथिलता और बदइंतजामी को सीएमओ ने बेहद गंभीरता से लिया है। उन्होंने CHC अधीक्षक डॉ. संतोष कुमार सिंह की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए उनसे स्पष्टीकरण तलब किया है। साथ ही निर्देश दिया है कि जब तक संतोषजनक जवाब नहीं मिलता, तब तक अधीक्षक का वेतन अवरुद्ध (होल्ड) रहेगा।
"स्वास्थ्य केंद्रों में अनुशासन, समयबद्धता और मरीजों को गुणवत्तापूर्ण इलाज देना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।" — डॉ. मुकेश कुमार, सीएमओ, वाराणसी
बाल रोग विशेषज्ञ के होते हुए नवजात को क्यों किया रेफर?
निरीक्षण के दौरान एक बड़ा मामला सामने आया। अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ (Pediatrician) की तैनाती होने के बावजूद प्रसव कक्ष (लेबर रूम) से एक नवजात शिशु को हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया गया था। सीएमओ ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए संबंधित डॉक्टरों और अधिकारियों से इस संदर्भ में स्पष्ट कारण सहित विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
वैक्सीन डिस्ट्रीब्यूशन रजिस्टर में मिली गड़बड़ी
सीएमओ ने जब सीएचसी के कोल्ड चेन पॉइंट का निरीक्षण किया, तो वहां भी लापरवाही सामने आई। वैक्सीन वितरण से जुड़े रजिस्टर अपडेट नहीं थे और एंट्री भी तय नियमों के अनुसार नहीं की गई थी। इस मामले में संबंधित कर्मचारी से स्पष्टीकरण मांगते हुए रिकॉर्ड को रोजाना अपडेट रखने की सख्त हिदायत दी गई।
लापरवाही मिली तो आगे भी होगी कठोर कार्रवाई
निरीक्षण के अंत में मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने सभी स्वास्थ्य कर्मियों को समय से अस्पताल आने, स्वच्छता का ध्यान रखने और मरीजों के प्रति सेवाभाव रखने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि पूरे जिले के स्वास्थ्य केंद्रों की इसी तरह नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी और काम में ढिलाई बरतने वालों के खिलाफ नियमानुसार कठोर दंडात्मक कार्रवाई होगी।