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वाराणसी में PWD के कार्यों की समीक्षा: DM सत्येंद्र कुमार का सख्त निर्देश- 'विवादित जमीनों पर आपसी समझौते से कराएं रजिस्ट्री

कलेक्ट्रेट सभागार में सड़कों-पुलों के निर्माण की जांच: लेटलतीफी पर बिफरे जिलाधिकारी, राजस्व मामलों के लिए SDM से सहयोग लेने के आदेश

 

 

 

 

वाराणसी। जनपद में लोक निर्माण विभाग (PWD) के तहत चल रही विकास परियोजनाओं को गति देने और उन्हें समय सीमा के भीतर पूरा करने के लिए प्रशासनिक कवायद तेज हो गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 की कार्ययोजना के सापेक्ष स्वीकृत कार्यों की वर्तमान प्रगति को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी (DM) सत्येंद्र कुमार ने निर्माणाधीन व स्वीकृत चौड़ीकरण, सुदृढ़ीकरण, नव निर्माण और लघु सेतु (छोटे पुलों) के कार्यों की बिंदुवार जानकारी ली और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के कार्यों में आ रही अड़चनों को दूर करने के लिए कड़े तेवर दिखाए।

विवादित जमीनों का आपसी समझौते से निकालें हल, अनावश्यक विलंब न हो

बैठक में जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने स्पष्ट रूप से कहा कि जिन भी सड़क या सेतु परियोजनाओं में भूमि अधिग्रहण (Land Acquisition) की समस्या है, या दो पक्षों के बीच भूमि को लेकर कोई विवाद है, वहां अधिकारी सीधे काश्तकारों और किसानों से संवाद स्थापित करें। उन्होंने निर्देश दिया कि आपसी समझौते के माध्यम से नियमानुसार जमीन की रजिस्ट्री करवाना सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसी भी महत्वपूर्ण परियोजना का काम बीच में न अटके।

डीएम ने सख्त लहजे में कहा कि विकास कार्यों और जमीनी प्रक्रियाओं में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी स्वीकृत परियोजनाओं का निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर ही शुरू हो जाना चाहिए।

राजस्व मामलों में लें SDM का सहयोग, होगी प्रभावी मॉनीटरिंग

परियोजनाओं के रास्ते में आने वाली राजस्व संबंधी बाधाओं और विवादों के त्वरित निस्तारण के लिए जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अभियंताओं को संबंधित तहसील के उपजिलाधिकारी (SDM) से समन्वय बनाने और उनका सहयोग लेने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रशासनिक और राजस्व टीमें मिलकर काम करें ताकि जमीन से जुड़े मामलों को जल्द से जल्द सुलझाया जा सके।

गुणवत्ता मानकों से समझौता नहीं: जिलाधिकारी ने बैठक में मौजूद अधिकारियों को सचेत करते हुए कहा कि केवल समय सीमा ही नहीं, बल्कि कार्यों की गुणवत्ता भी शीर्ष स्तर की होनी चाहिए। उन्होंने सभी विकास कार्यों की नियमित और प्रभावी मॉनीटरिंग (निरीक्षण) सुनिश्चित करने पर बल दिया, ताकि जनता को दी जाने वाली बुनियादी सुविधाएं पूरी तरह मजबूत और टिकाऊ हों।

इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक के दौरान पीडब्ल्यूडी (PWD) के मुख्य अभियंता, अधिशासी अभियंता (XEN) सहित अन्य संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और अभियंता मुख्य रूप से उपस्थित रहे।