वाराणसी पुलिस लाइन में गूंजा 'हमारा योग, हमारा गौरव': पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल की अगुवाई में पुलिसकर्मियों ने किया भव्य योगाभ्यास
'Yoga For Health Ageing' थीम पर सीपी ने जवानों संग किए प्राणायाम और आसन, बोले— "तनाव मुक्त और अनुशासित जीवन के लिए पुलिसकर्मी रोज करें योग।"
वाराणसी (भदैनी मिरर): 12वें "अंतरराष्ट्रीय योग दिवस" के पावन अवसर पर रविवार को पुलिस लाइन कमिश्नरेट वाराणसी में एक भव्य और प्रेरणादायी सामूहिक योग सत्र का आयोजन किया गया। इस वर्ष की विशेष थीम “Yoga For Health Ageing” और संदेश “हमारी संस्कृति, हमारा योग, हमारा गौरव” के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिस महकमे के आला अधिकारियों से लेकर जवानों तक ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल के नेतृत्व में जुटे पुलिस अफसर और जवान
योगाभ्यास कार्यक्रम की अगुवाई खुद पुलिस आयुक्त (CP) श्री मोहित अग्रवाल ने की। उनके साथ कमिश्नरेट के समस्त वरिष्ठ पुलिस अधिकारीगण, थाना प्रभारी, पुलिसकर्मी और अन्य स्टाफ सदस्य सुबह-सवेरे पुलिस लाइन मैदान में योग की मुद्राओं में नजर आए। कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक रूप से 'ओम् ध्वनि' के उच्चारण और सूर्य नमस्कार के साथ हुआ।
योग प्रशिक्षक ने सिखाए प्राणायाम और आसनों के गुर
सत्र के दौरान विशेषज्ञ योग प्रशिक्षक ने उपस्थित सभी पुलिसकर्मियों को सूर्य नमस्कार, भ्रामरी प्राणायाम, शीतली प्राणायाम, अनुलोम-विलोम प्राणायाम, पद्मासन और सर्वांगासन सहित विभिन्न महत्वपूर्ण योगासनों का अभ्यास कराया। प्रशिक्षक ने इन आसनों से शरीर और मस्तिष्क को मिलने वाले वैज्ञानिक लाभों के बारे में भी विस्तार से बताया।
पुलिस आयुक्त का संदेश: "स्वयं योग करें, दूसरों को भी प्रेरित करें"
इस अवसर पर पुलिस आयुक्त श्री मोहित अग्रवाल ने बल के अधिकारियों और जवानों को संबोधित करते हुए योग को जीवन का हिस्सा बनाने की सीख दी। उन्होंने कहा:
"योग भारत की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत और स्वस्थ जीवन का आधार है। 'Yoga For Health Ageing' की भावना के अनुरूप हमें योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए। नियमित योग न केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ करता है, बल्कि अनुशासित, सकारात्मक और सशक्त समाज के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। आप सभी स्वयं भी योग करें और अपने परिवार व समाज को भी इसके लिए प्रेरित करें, ताकि एक स्वस्थ व अनुशासित समाज की स्थापना हो सके।"
विशेष रूप से कानून-व्यवस्था बनाए रखने में दिन-रात व्यस्त रहने वाले पुलिसकर्मियों के मानसिक तनाव को दूर करने और उन्हें शारीरिक रूप से फिट रखने के उद्देश्य से यह सत्र बेहद प्रभावी रहा। अंत में सभी ने स्वस्थ जीवन शैली अपनाने का सामूहिक संकल्प लिया।