बीएचयू में गुरु पूर्णिमा की पूर्व संध्या पर "एक पौधा • एक संकल्प" अभियान
मालवीय सेवा संस्थान के तत्वावधान में बीएचयू में आयोजित हुआ गुरु वंदन कार्यक्रम; महामना के आदर्शों पर चलते हुए पर्यावरण संरक्षण व विकसित भारत का लिया गया संकल्प।
वाराणसी (भदैनी मिरर)। पावन पर्व गुरु पूर्णिमा की पूर्व संध्या पर मंगलवार को काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (IMS) परिसर में मालवीय सेवा संस्थान के तत्वावधान में "एक पौधा • एक संकल्प" अभियान गरिमामय एवं प्रेरणादायी माहौल में संपन्न हुआ। महामना पंडित मदन मोहन मालवीय के कालजयी विचारों से प्रेरित इस आयोजन में शिक्षाविदों, चिकित्सकों, प्रशासनिक अधिकारियों और छात्र-छात्राओं ने पौधारोपण कर गुरु वंदना की तथा पर्यावरण संवर्धन व समृद्ध राष्ट्र निर्माण का सामूहिक संकल्प दोहराया।
कार्यक्रम के दौरान आईएमएस बीएचयू के निदेशक प्रो. एस. एन. शंखवार, चिकित्सा संकाय प्रमुख प्रो. संजय गुप्ता, चिकित्सा अधीक्षक प्रो. पुनीत, पूर्व कुलपति एवं ज्वाइंट रजिस्ट्रार प्रो. नीरज त्रिपाठी तथा ट्रामा सेंटर बीएचयू के प्रोफेसर इंचार्ज प्रो. अजीत कुमार सिंह ने पौधरोपण कर समाज को प्रकृति संरक्षण का संदेश दिया।
प्रमुख वक्ताओं के विचार:
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प्रो. एस. एन. शंखवार (निदेशक, IMS BHU):
"गुरु पूर्णिमा की पूर्व संध्या पर पौधारोपण हमारी प्राचीन संस्कृति, गुरु परंपरा और प्रकृति के प्रति आस्था का सजीव प्रतीक है। एक स्वस्थ पर्यावरण ही मजबूत समाज और सशक्त राष्ट्र का आधार होता है।"
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प्रो. संजय गुप्ता (संकाय प्रमुख):
"आज रोपा गया हर एक पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए अमूल्य धरोहर साबित होगा। ऐसे आयोजन समाज में पर्यावरणीय चेतना को नया आयाम देते हैं।"
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प्रो. पुनीत (चिकित्सा अधीक्षक):
"स्वास्थ्य और पर्यावरण एक-दूसरे से सीधे जुड़े हैं। हर नागरिक को केवल पौधा लगाने तक सीमित न रहकर उसके संरक्षण की जिम्मेदारी भी उठानी चाहिए।"
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प्रो. नीरज त्रिपाठी (पूर्व कुलपति व ज्वाइंट रजिस्ट्रार):
"गुरु जीवन को सही दिशा दिखाते हैं। गुरु पूर्णिमा पर पौधरोपण गुरुजनों के प्रति कृतज्ञता और भावी पीढ़ी के प्रति हमारे दायित्व का प्रतीक है।"
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प्रो. अजीत कुमार सिंह (प्रोफेसर इंचार्ज, ट्रामा सेंटर):
"जिस प्रकार चिकित्सक मानव जीवन की रक्षा करते हैं, उसी प्रकार पेड़-पौधे संपूर्ण मानवता के अस्तित्व की रक्षा करते हैं।"
"गुरु को नमन – प्रकृति को वंदन"
मालवीय सेवा संस्थान के संरक्षक डॉ. अरुण कुमार चौबे, संस्थापक सुनील मिश्र "प्रिंस" और निदेशक अनिल कुमार मिश्रा ने कहा कि महामना मालवीय जी ने बीएचयू की स्थापना केवल शिक्षा के लिए नहीं, बल्कि राष्ट्रनिष्ठ और चरित्रवान नागरिकों के निर्माण के लिए की थी। संस्था उन्हीं संस्कारों का अनुसरण करते हुए यह अभियान गुरुजनों के चरणों में समर्पित करती है।
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित जनों ने "गुरु को नमन – प्रकृति को वंदन" का संकल्प दोहराते हुए पर्यावरण संरक्षण को एक व्यापक जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया।
इस पावन अवसर पर मालवीय सेवा संस्थान के सिबू मिश्रा, के.के. मिश्रा, प्रांशु उपाध्याय, राहुल पाण्डेय, अप्पू दुबे सहित विश्वविद्यालय परिवार के शिक्षक, चिकित्सक, विद्यार्थी और गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में मौजूद रहे।