BHU ABVP Protest: बीएचयू में 11वें दिन भी ABVP का अनिश्चितकालीन धरना जारी
10-सूत्रीय मांगों को लेकर चीफ प्रॉक्टर और बीएचयू प्रशासन के खिलाफ उग्र प्रदर्शन; अभाविप ने मांगी चीफ प्रॉक्टर का इस्तीफा।
वाराणसी (भदैनी मिरर): काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) में परिसर की सुरक्षा, प्रशासनिक जवाबदेही और छात्रहित से जुड़ी 10-सूत्रीय मांगों को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) बीएचयू इकाई का अनिश्चितकालीन आंदोलन उग्र रूप लेता जा रहा है। धरने के 11वें दिन, शनिवार (3 अक्टूबर 2026) को कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय कार्यालय के पास विश्वविद्यालय प्रशासन और चीफ प्रॉक्टर के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला दहन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारी छात्रों और सुरक्षा में तैनात प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्यों के बीच तीखी झड़प भी देखने को मिली।
अभाविप कार्यकर्ताओं का आरोप है कि पिछले 11 दिनों से शांतिपूर्ण ढंग से जारी धरने के बावजूद विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों की न्यायसंगत मांगों को लेकर उदासीन बना हुआ है।
'चीफ प्रॉक्टर दें इस्तीफा, सुरक्षा व्यवस्था हो दुरुस्त'
प्रदर्शन के दौरान अभाविप बीएचयू इकाई के अध्यक्ष पल्लव सुमन ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि परिसर में छात्रों की सुरक्षा और सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने चीफ प्रॉक्टर के इस्तीफे की मांग को दोहराते हुए कहा कि परिसर में सीसीटीवी कैमरे, स्ट्रीट लाइट्स, अनधिकृत प्रवेश पर रोक और स्वच्छता जैसे मूलभूत मुद्दों को नजरअंदाज करना प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
वहीं, पुनीत कुमार ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी छात्रों को भयमुक्त और सुरक्षित शैक्षणिक माहौल देना है, लेकिन वर्तमान में छात्र बुनियादी सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करने को मजबूर हैं।
ये हैं अभाविप की प्रमुख 10-सूत्रीय मांगें
इकाई मंत्री अनुराग तिवारी ने संगठन की 10-सूत्रीय मांगों को रेखांकित करते हुए बताया कि इनमें:
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चीफ प्रॉक्टर एवं प्रॉक्टोरियल बोर्ड की जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई।
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आंदोलनरत छात्रों पर दर्ज मुकदमों की समीक्षा और छात्र उत्पीड़न पर रोक।
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परिसर में प्रभावी सुरक्षा व्यवस्था लागू करना एवं मादक पदार्थों की बिक्री पर रोक।
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ऑडिटोरियम (सभागार) आवंटन प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच।
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प्रशासनिक प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और लोकतांत्रिक संवाद स्थापित करना शामिल है।
मांगें न मानने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
संगठन ने विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की है कि वह तुरंत छात्रों के साथ सार्थक वार्ता कर समस्याओं का त्वरित निस्तारण करे। अभाविप बीएचयू इकाई ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी कि जब तक उनकी सभी 10-सूत्रीय मांगों पर ठोस और लिखित कार्रवाई नहीं होती, तब तक केंद्रीय कार्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना और विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
इस प्रदर्शन में बीएचयू इकाई के प्रमुख पदाधिकारियों सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।