रामनगर रामलीला 2026: प्रथम गणेश पूजन के साथ स्वरूपों का तालिम-प्रशिक्षण शुरू, जानकी के नए पात्र की तलाश जारी
विश्व प्रसिद्ध रामनगर रामलीला की सनातन परंपरा के तहत गणेश पूजन संपन्न, पढ़ाई के चलते 'जानकी' का किरदार निभाने वाले पात्र ने छोड़ी भूमिका।
रिपोर्ट- राहुल कुमार
वाराणसी (भदैनी मिरर)। आगामी 25 सितंबर (अनंत चतुर्दशी) से शुरू होने जा रही विश्व विख्यात रामनगर की रामलीला की सनातन परंपराओं के तहत सोमवार को प्रथम गणेश पूजन का भव्य आयोजन किया गया। रामनगर चौक स्थित 'रामलीला पक्की' पर आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठान के साथ ही लीला के मुख्य स्वरूपों का गहन प्रशिक्षण भी औपचारिक रूप से आरंभ हो गया है।
वैदिक विधि-विधान से संपन्न हुआ पूजन
शुभ मुहूर्त के अनुसार शाम 5:00 बजे पूजन कार्य प्रारंभ हुआ। दुर्ग (काशी नरेश) के प्रतिनिधि के रूप में रामलीला ट्रस्ट के मंत्री डॉ. जय प्रकाश पाठक पूजन पर बैठे। सबसे पहले विघ्नहर्ता भगवान श्री गणेश और हनुमान जी के मुखौटों की शास्त्रोक्त विधि से पूजा-अर्चना की गई।
इसके बाद रामलीला में प्रयुक्त होने वाले विभिन्न यंत्रों और संवाद पुस्तिका का पूजन किया गया। आचार्यों और ब्राह्मणों द्वारा संवाद पाठन के बाद मुख्य स्वरूपों ने भी इसे दोहराया। अंत में स्वरूपों को तिलक लगाकर, माला पहनाकर दक्षिणा प्रदान की गई और आरती के बाद प्रसाद वितरण के साथ पूजन का समापन हुआ।
पौने दो माह तक धर्मशाला में कठिन नियमों का करेंगे पालन
प्रथम गणेश पूजन के साथ ही श्रीराम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न के स्वरूपों का लगभग पौने दो महीने तक चलने वाला कठिन प्रशिक्षण शुरू हो गया है।
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अभ्यास स्थल: चारों बालक अब बलुआ घाट स्थित धर्मशाला में रहकर व्यास कृष्णदत्त व्यास एवं शिवदत्त व्यास के सानिध्य में लीला के संवादों को कंठस्थ करेंगे और भाव-भंगिमाओं का अभ्यास करेंगे।
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कठोर नियम: अब से लेकर रामलीला के समापन तक ये स्वरूप अपने परिजनों के साथ इसी धर्मशाला में प्रवास करेंगे और घर से दूर रहेंगे। इतना ही नहीं, अब इन्हें इनके वास्तविक नाम के बजाय लीला के पात्रों (राम, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न) के नाम से ही संबोधित किया जाएगा।
पढ़ाई के कारण 'जानकी' के स्वरूप ने छोड़ी भूमिका, नए पात्र का चयन आज
दूसरी ओर, रामलीला शुरू होने से ठीक पहले जानकी (सीता जी) के किरदार को लेकर एक नया मोड़ आ गया है। चयनित पात्र रुद्र उपाध्याय (निवासी- दुल्हीपुर, मुगलसराय) ने जानकी की भूमिका निभाने से इनकार कर दिया है।
अंग्रेजी माध्यम के विद्यालय में पढ़ने वाले रुद्र ने पढ़ाई प्रभावित होने का हवाला देते हुए लीला में शामिल होने से असमर्थता जताई। इस कारण रविवार को केवल चार मुख्य स्वरूपों का ही पूजन-अर्चन संपन्न हो सका। रामलीला समिति द्वारा सोमवार को जानकी के नए पात्र का चयन किया जाएगा।
उपस्थिति: पूजन समारोह के दौरान रामनारायण पांडेय, शांतनारायन पांडेय, मनोज श्रीवास्तव, चंद्रशेखर शर्मा 'पप्पू', आशुतोष पांडेय, हृदय नारायण पांडेय, अनिल सिंह मणि, शत्रुघ्न सिंह सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लीला प्रेमी और श्रद्धालु उपस्थित रहे।