काशी में कृष्ण का दिखेगा कल्कि अवतार, जन्माष्टमी पर चहुंओर सजेंगी कान्हा की झांकियां
जरीदार पगड़ी, मोती जड़ी अचकन और मथुरा के मुकुट से सजेंगे नंदलाल
वाराणसी, भदैनी मिरर। जन्माष्टमी को लेकर बाजारों में रौनक चरम पर है। श्री कृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। पुलिस थानों से लेकर आम नागरिकों के घरों तक में तैयारियां चल रही हैं। सभी जगह श्री कृष्ण की झांकियां सजाई जा रही हैं। इस बार घरों में भगवान श्रीकृष्ण की झांकी सजाने के लिए लोगों का रुझान बाजार में तैयार मिलने वाली रेडीमेड झांकियों की ओर ज्यादा देखने को मिल रहा है।
दुकानों पर भगवान कृष्ण की लीलाओं और विभिन्न धार्मिक प्रसंगों पर आधारित आकर्षक झांकियां तैयार होकर पहुंच रही हैं। काशी में हर साल अपनी अनोखी झांकी के लिए चर्चित दुर्गाकुंड स्थित कन्हा श्रृंगार प्रतिष्ठान ने इस बार कृष्ण के कल्कि अवतार की झांकी सजाई है। झांकी लोगों का ध्यान खींच रही है। झांकी में भगवान के कल्कि स्वरूप को घोड़े पर सवार दिखाया गया है और इसे आकर्षक तरीके से सजाया गया है। दुकानदार गणेश पटेल के मुताबिक, इस तरह की अलग और आकर्षक थीम वाली झांकियों को लोग काफी पसंद कर रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि पहले लोग जन्माष्टमी पर घर में खुद झांकी तैयार करने के लिए सजावटी सामान खरीदते थे और उसे बनाने में काफी समय लगाते थे। अब समय की कमी के चलते लोग मेहनत और समय बचाने के लिए बाजार से बनी-बनाई झांकियां खरीदना ज्यादा पसंद कर रहे हैं।
रेडीमेड झांकी को घर ले जाकर आसानी से सजाया जा सकता है। प्रतिष्ठान के संचालक बताते हैं कि कल्कि रूप भगवान विष्णु का 10वां और अंतिम अवतार है। शास्त्रों के अनुसार जब कलियुग में पाप, अधर्म, झूठ और अत्याचार चरम पर होगा, तब धर्म की स्थापना के लिए भगवान विष्णु कल्कि के रूप में अवतार लेंगे। इसी संदेश को इस झांकी के माध्यम से समाज तक पहुँचाने का प्रयास किया गया है, ताकि लोग झूठ-फरेब से बचें और धर्म के प्रति मजबूती से जुड़ें। इस बार कन्हा ने अपने बाल रूप को त्याग कर, श्वेत अश्व पर सवार, हाथों में न्याय की चमकती तलवार लिए कल्कि का रूप धारण किया है।
उन्होंने बताया कि, भगवान कृष्ण के बाल स्वरूप, जन्म प्रसंग और उनकी विभिन्न लीलाओं के साथ ही अलग-अलग धार्मिक अवधारणाओं पर आधारित झांकियां भी उपलब्ध हैं। इनमें भगवान कृष्ण के कल्कि अवतार की झांकी लोगों के लिए खास आकर्षण बनी हुई है।