वैश्विक संकट पर पीएम मोदी की बड़ी चेतावनी: कोविड और युद्ध ने दुनिया को फिर गरीबी में धकेला, देशवासियों से की ये खास अपील
नीदरलैंड्स में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने इस दशक को बताया 'तबाही का दौर'। देश में ऊर्जा संकट से निपटने के लिए लोगों से कार-पूल, 'वर्क फ्रॉम होम' और विदेशी मुद्रा बचाने की सलाह।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक स्तर पर चल रहे आर्थिक और भू-राजनीतिक संकट को लेकर एक बड़ी चेतावनी दी है। अपने पांच देशों के विदेशी दौरे के तहत यूएई के बाद नीदरलैंड्स पहुंचे पीएम मोदी ने वहां रह रहे भारतीय समुदाय को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने वर्तमान समय को 'तबाही का दशक' करार देते हुए कहा कि कोरोना महामारी और मध्य एशिया (मिडिल ईस्ट) में छिड़े युद्ध ने दुनिया के सारे किए-धरे पर पानी फेर दिया है, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था एक बार फिर गरीबी के गहरे दलदल में जा गिरी है।
पीएम मोदी ने साफ किया कि आज दुनिया के सामने जो नई चुनौतियां हैं, उनसे निपटना बिल्कुल आसान नहीं है। अगर हालात जल्द नहीं सुधरे, तो पिछले कई दशकों की मेहनत बेकार हो जाएगी।
पीएम मोदी की देशवासियों को खास सलाह: 'विदेशी मुद्रा बचाना भी देशभक्ति'
वैश्विक संकट के बीच प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय नागरिकों को भी पहले से सतर्क रहने और संसाधनों का समझदारी से इस्तेमाल करने की सलाह दी है। उन्होंने सरकार को भी फिजूलखर्ची रोकने और सरकारी खर्चों पर कड़ा नियंत्रण रखने के निर्देश दिए हैं। पीएम मोदी ने आम जनता से अपील करते हुए कहा:
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वर्क फ्रॉम होम: लोग जितना हो सके घर से काम (Work from Home) करें ताकि अनावश्यक आना-जाना कम हो।
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कार पूल: ईंधन की बचत के लिए आने-जाने के लिए कार पूलिंग का इस्तेमाल करें।
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सोना खरीदने से बचें: देश की विदेशी मुद्रा को सुरक्षित रखने के लिए कम से कम एक साल तक सोना खरीदने से बचें। पीएम ने कहा कि विदेशी मुद्रा बचाना भी एक तरह की देशभक्ति है।
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ऊर्जा और खाद की बचत: बिजली संकट से निपटने के लिए एसी (AC) का सीमित इस्तेमाल करें और खेतों में केमिकल फर्टिलाइजर (उर्वरक) का उपयोग कम करें।
ईरान संकट का असर: पेट्रोल-डीजल और दूध की कीमतों में उछाल
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जारी ईरान संकट के कारण देश में पिछले चार साल से स्थिर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में आखिरकार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। तेल कंपनियों ने पेट्रोल-डीजल के दामों में 3 रुपये प्रति लीटर का इजाफा किया है। इस बढ़ोतरी के बाद देश की राजधानी दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 97.77 रुपये और डीजल 90.67 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गई है।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि ईंधन के दाम बढ़ने का सीधा असर आम जनता की रसोई और रोजमर्रा की चीजों पर पड़ेगा। इसी बीच अमूल कंपनी ने भी अपने दूध की कीमतों में बढ़ोतरी का ऐलान कर दिया है। हालांकि, राहत की बात यह है कि पीएम मोदी ने अपने यूएई दौरे के दौरान पेट्रोलियम को लेकर एक अहम समझौता किया है, जिससे देश में एलपीजी (LPG) संकट से निपटने में बड़ी मदद मिलने की उम्मीद है।
नीदरलैंड्स के पीएम के साथ डच कंपनियों से वार्ता, 'टाटा-ASML' की बड़ी डील
आर्थिक और ऊर्जा संकट से निपटने के लिए पीएम मोदी ने शनिवार को नीदरलैंड्स के प्रधानमंत्री रॉब जेटन के साथ डच कंपनियों के शीर्ष मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (CEOs) के साथ एक हाई-लेवल बैठक की। इस बैठक के दौरान दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों की मौजूदगी में टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स (Tata Electronics) और नीदरलैंड्स की दिग्गज कंपनी एएसएमएल (ASML) के बीच एक महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। इस साझेदारी के तहत गुजरात के धोलेरा में भारत की पहली फ्रंट-एंड सेमीकंडक्टर फैब (Semiconductor Fab) स्थापित की जाएगी।
पीएम मोदी ने सेमीकंडक्टर, इंफ्रास्ट्रक्चर, रिन्यूएबल एनर्जी, एआई (AI) और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में डच कंपनियों को भारत में निवेश के लिए आमंत्रित किया। साथ ही दोनों नेताओं ने भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (India-EU FTA) को जल्द से जल्द लागू करने की वकालत की।