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Jantar Mantar Protest: जंतर-मंतर बना छावनी, CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे 150 से अधिक नेता हिरासत में; इंटरनेट ठप

गांधी जयंती पर दिल्ली में विपक्ष का हल्लाबोल: 'आप' नेता सौरभ भारद्वाज और संजीव झा अरेस्ट; 1.5 किमी दायरे में इंटरनेट बंद व 11 मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री-एग्जिट बैन

 

नई दिल्ली / भदैनी मिरर (डिजिटल डेस्क): मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के जरिए कथित तौर पर वोटर्स के नाम हटाए जाने के विरोध में गुरुवार (गांधी जयंती) को दिल्ली के जंतर-मंतर पर विपक्षी दलों का जोरदार प्रदर्शन देखने को मिला। दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति न होने और बीएनएसएस (BNSS) की धारा 163 लागू होने का हवाला देते हुए आम आदमी पार्टी (AAP) के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज, विधायक संजीव झा तथा AISA व SFI कार्यकर्ताओं समेत 150 से अधिक प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया।

सुरक्षा के लिहाज से जंतर-मंतर और आसपास के 1.5 किलोमीटर के दायरे में सुबह 9 बजे से रात 9 बजे तक इंटरनेट सेवाएं पूरी तरह निलंबित कर दी गई हैं। पूरे सेंट्रल दिल्ली इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया है।

मेट्रो स्टेशनों पर पाबंदी और दंगा नियंत्रण वाहन तैनात

प्रदर्शन और भारी भीड़ के अंदेशे को देखते हुए दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों ने जंतर-मंतर से पटेल चौक तक सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। निगरानी के लिए ड्रोन कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है और संवेदनशील इलाकों में दंगा नियंत्रण वाहन तैनात किए गए हैं।

इसके अलावा, दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) ने सुरक्षा कारणों से राजीव चौक, सेंट्रल सेक्रेटेरिएट, मंडी हाउस, नई दिल्ली, पटेल चौक और जनपथ समेत 11 प्रमुख मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री और एग्जिट बंद कर दी है। हालांकि, यात्रियों की सुविधा के लिए इंटरचेंज की सुविधा जारी रखी गई है।

"पुलिस स्टेट बनाने के बावजूद सच नहीं छिपेगा" - मनोज झा

विरोध प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के राज्यसभा सांसद डॉ. मनोज झा ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा:

"क्या गांधी के देश में शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन के लिए भी इजाजत की जरूरत होगी? पुलिस स्टेट बनाने के बावजूद ज्ञानेश कुमार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह अपने गुनाह को छिपा नहीं पाएंगे।"

वहीं, हिरासत में लिए जाने से पहले 'आप' नेता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि संविधान और वोट देने के अधिकार को बचाने के लिए शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना देश के प्रत्येक नागरिक का लोकतांत्रिक अधिकार है। इससे पूर्व पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी, पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने भी देश भर से 13 करोड़ से अधिक वोटर्स के नाम हटाए जाने का गंभीर आरोप लगाते हुए जनता से लोकतंत्र बचाने की अपील की थी।

सेंट्रल दिल्ली में धारा 163 लागू, पुलिस कमिश्नर ने लिया जायजा

नई दिल्ली जिले के डीसीपी सचिन शर्मा ने स्पष्ट किया कि जंतर-मंतर पर किसी भी तरह की जनसभा, मार्च या विरोध प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई थी। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरे इलाके को 8-9 जोन में बांटा गया है, जिसकी कमान वरिष्ठ आईपीएस (IPS) अधिकारियों को सौंपी गई है।

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली पुलिस कमिश्नर अनुराग कुमार ने स्वयं वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ जंतर-मंतर पहुंचकर सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था का जायजा लिया। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों से गुजरने वाले वाहन चालकों के लिए एडवाइजरी जारी कर डायवर्जन का पालन करने की हिदायत दी है।