वाराणसी: सूने घरों की रेकी कर हाथ साफ करने वाला शातिर चोर असलम गिरफ्तार, ₹3.50 लाख कैश और चोरी की गाड़ी बरामद
बनारस और चंदौली में दर्ज हैं दो दर्जन से अधिक मुकदमें, चोरी के जेवर बेचकर जुटाई थी भारी नकदी
वाराणसी, भदैनी मिरर। रामनगर थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने बंद घरों को निशाना बनाने वाले एक बेहद शातिर और आदतन चोर को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी के पास से पुलिस ने ₹3,50,160 नकद, चोरी की एक टीवीएस एक्सएल-100 मोपेड, फर्जी नंबर प्लेट और एक कीपैड मोबाइल फोन बरामद किया है।
जनकपुर कॉलोनी में हुई चोरी का 1 महीने में खुलासा
मामले की जानकारी देते हुए एसीपी (कोष्याली) विजय प्रताप सिंह ने बताया कि बीती 9 जून 2026 को रामनगर थाना क्षेत्र की जनकपुर कॉलोनी में एक चोरी की बड़ी वारदात हुई थी। यहां रहने वाले बृजेश सिंह के बंद घर को निशाना बनाकर अज्ञात चोर ने नगदी और जेवरातों पर हाथ साफ कर दिया था। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा अपराध संख्या 152/2026 दर्ज किया था। इसके बाद से ही पुलिस, सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज की मदद से चोर की तलाश में जुटी थी।
विश्वमित्रनगर कॉलोनी के पास घेराबंदी कर दबोचा
पुलिस टीम को मुखबिर से सटीक सूचना मिली कि जनकपुर कॉलोनी में चोरी करने वाला शातिर चोर क्षेत्र में किसी अन्य वारदात की नीयत से घूम रहा है। इस पर रामनगर पुलिस ने विश्वमित्रनगर कॉलोनी क्षेत्र में चेकिंग के दौरान संदिग्ध को घेराबंदी कर दबोच लिया। पूछताछ में उसकी पहचान असलम पुत्र महबूब उर्फ अल्ला रखा (निवासी सुजाबाद, रामनगर, वर्तमान पता- बीडीए कॉलोनी, चांदमारी) के रूप में हुई।
गली-गली घूमकर करता था बंद घरों की रेकी
एसीपी विजय प्रताप सिंह के अनुसार, आरोपी असलम अकेले ही वारदातों को अंजाम देता था, जो सीसीटीवी फुटेज में भी साफ हुआ है। उसका मॉडस ऑपरेंडी (तरीका) यह था कि वह दिन के समय कॉलोनियों और गलियों में घूमता था। वह ऐसे घरों को चिन्हित करता था जहां दो-तीन दिनों से ताला लटका हो। लगातार रेकी करने के बाद वह रात के सन्नाटे में घर का ताला तोड़कर चोरी करता था।
चोरी के जेवर बेचकर जुटाई थी भारी नकदी
पुलिस की पूछताछ में असलम ने स्वीकार किया कि जनकपुर कॉलोनी में चोरी किए गए जेवरात और कीमती सामान को उसने बाजार में बेच दिया था। जेवर बेचने से मिले रुपयों में से ही ₹3,50,160 की नगदी बची थी, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है। इसके अलावा वह पुलिस से बचने के लिए चोरी की मोपेड पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर घूम रहा था।
बनारस और चंदौली में दर्ज हैं दो दर्जन से अधिक मुकदमे
पकड़ा गया आरोपी असलम एक हिस्ट्रीशीटर स्तर का अपराधी है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, उसके खिलाफ वाराणसी और पड़ोसी जनपद चंदौली के विभिन्न थानों में चोरी, जालसाजी (फर्जीवाड़ा) और गैंगस्टर एक्ट समेत 21 से अधिक आपराधिक मुकदमे पहले से दर्ज हैं।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ चोरी की धाराओं के साथ फर्जी नंबर प्लेट इस्तेमाल करने के संबंध में संबंधित कानूनी धाराएं बढ़ाते हुए उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। बरामद नगदी और सामान के आधार पर पुलिस आगे की विधिक जांच कर रही है।