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वाराणसी: होटल में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़, पश्चिम बंगाल की 4 युवतियों समेत 9 हिरासत में, आपत्तिजनक सामान बरामद

एसओजी द्वितीय भंग होने के बाद पहली बड़ी कार्रवाई, होटलों में शिफ्ट हो चुकी है वेश्यावृत्ति

 

वाराणसी, भदैनी मिरर। धर्मनगरी काशी को कलंकित करने वाले अनैतिक देह व्यापार (सेक्स रैकेट) के एक बड़े नेटवर्क का वाराणसी पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। सिगरा थाना क्षेत्र के मलदहिया इलाके में स्थित 'होटल ज्योति' में लंबे समय से चल रहे इस काले धंधे पर पुलिस ने रविवार को अचानक छापेमारी की। इस दौरान मौके से भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्रियां बरामद हुई हैं। पुलिस ने मौके से 5 युवतियों और होटल संचालकों सहित कुल 9 लोगों को हिरासत में लिया है। पकड़ी गई युवतियों में से 4 पश्चिम बंगाल की रहने वाली हैं।


स्थानीय लोगों की शिकायत पर सिगरा पुलिस का बड़ा एक्शन


दरअसल, वाराणसी पुलिस और सिगरा थाने को स्थानीय नागरिकों द्वारा पिछले कई दिनों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि मलदहिया के होटल ज्योति में होटल की आड़ में अनैतिक देह व्यापार का धंधा धड़ल्ले से संचालित किया जा रहा है। सूचना की पूरी तरह से पुष्टि करने के बाद, सिगरा थाना पुलिस की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से होटल पर अचानक रेड (छापेमारी) कर दी। पुलिस के पहुंचते ही होटल के भीतर हड़कंप मच गया।


पश्चिम बंगाल से बुलाई जाती थीं लड़कियां, मिले आपत्तिजनक सामान


मामले की आधिकारिक जानकारी देते हुए एसीपी चेतगंज शुभम सिंह ने बताया कि मुखबिर और स्थानीय इनपुट के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। मौके पर वेश्यावृत्ति संचालित होते हुए पाई गई। पूछताछ के दौरान पता चला है कि रैकेट के संचालकों द्वारा युवतियों को पश्चिम बंगाल से विशेष रूप से यहां लाकर देह व्यापार के दलदल में धकेला जा रहा था। पुलिस ने मौके से कई ऐसी संदिग्ध और आपत्तिजनक वस्तुएं भी जब्त की हैं, जो इस अनैतिक धंधे की पुष्टि प्रमाणित करती हैं।


मास्टरमाइंड की तलाश और रैकेट के तार खंगालने में जुटी पुलिस


विगत महीनों वाराणसी में एसओजी टीम को भंग किए जाने के बाद फिर से अवैध काम करने वाले अपराधियों का हौसला बुलंद है। एसओजी भंग होने के बाद कमिश्नरेट वाराणसी में सिगरा पुलिस की पहली और बड़ी कामयाबी हासिल की है।

एसीपी चेतगंज शुभम सिंह के अनुसार, पुलिस ने होटल संचालन से जुड़े दो मुख्य जिम्मेदारों को भी दबोचा है। फिलहाल जांच का प्रारंभिक चरण शुरू हो चुका है। पुलिस अब इस बात का पता लगा रही है कि इस पूरे देह व्यापार नेटवर्क का मुख्य मास्टरमाइंड कौन है और इसके तार अंतरराज्यीय स्तर पर कहां-कहां जुड़े हुए हैं। हिरासत में लिए गए सभी आरोपियों के खिलाफ अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम (PITA) के तहत अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।