चंदौली में सनसनीखेज खुलासा: जल्द अमीर बनने की चाहत में लुटेरे बने चार छात्र; पुलिस ने 25 KM के दायरे में 70 CCTV खंगालकर दबोचा
Chandauli News: शॉर्टकट से अमीर बनने के चक्कर में लुटेरे बने 4 छात्र; चंदौली पुलिस ने 70 CCTV कैमरे खंगालकर किया लूट का पर्दाफाश
चंदौली / भदैनी मिरर ब्यूरो: उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले की मुगलसराय थाना पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए पड़ाव-भोजपुर मार्ग पर दिनदहाड़े मुनीब से हुई ₹1.34 लाख की लूट का सनसनीखेज खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो पढ़ाई-लिखाई छोड़कर अपराध की दुनिया में कदम रख चुके थे।
पकड़े गए सभी आरोपी छात्र हैं, जिन्होंने शॉर्टकट से जल्दी अमीर बनने और अपने महंगे शौक पूरे करने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने इनके पास से लूटे गए ₹60,000 नकद, घटना में इस्तेमाल की गई दो मोटरसाइकिलें, चार मोबाइल और पीड़ित का बैग बरामद कर लिया है।
आँखों देखी: मोपेड में टक्कर मारकर फिल्मी अंदाज में लूटा बैग
दर्ज मुकदमे के अनुसार, वाराणसी के मछोदरी (जुगुल टोला) निवासी महताब अहमद एक फर्म में मुनीब का काम करते हैं। बीते सप्ताह वह पड़ाव से भोजपुर क्षेत्र में दुकानदारों से बकाया धन वसूलने गए थे। वसूली के बाद उनके बैग में कुल ₹1.34 लाख नकद थे।
जब वह दोपहर में अपनी मोपेड से वापस लौट रहे थे, तभी चौरहट गांव के पास दो मोटरसाइकिलों पर सवार पांच युवकों ने उनकी मोपेड को पीछे से जोरदार टक्कर मारकर गिरा दिया। मुनीब के संभलने से पहले ही आरोपी रुपयों से भरा बैग छीनकर रफूचक्कर हो गए।
25 किलोमीटर का घेरा और 70 सीसीटीवी कैमरों का जाल
दिनदहाड़े हुई इस वारदात के बाद अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) अनंत चंद्रशेखर के निर्देशन में पुलिस, एसओजी और साइबर सेल की संयुक्त टीम एक्टिव हुई। बदमाशों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने:
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पड़ाव से लेकर भोजपुर के बीच लगभग 25 किलोमीटर के दायरे का सघन निरीक्षण किया।
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मार्ग पर लगे करीब 70 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को बारीकी से खंगाला।
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तकनीकी साक्ष्य, मोबाइल लोकेशन और मुखबिरों के जाल की मदद से चौरहट स्थित ओ.पी. गार्डेन के सामने घेराबंदी कर चारों आरोपियों को दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की प्रोफाइल:
आर्यन श्रीवास्तव (निवासी: सीर गोवर्धन, वाराणसी)
शिवांग पाण्डेय (निवासी: महमूरगंज, वाराणसी)
मोहम्मद तारिक अंसारी उर्फ आर्यन (निवासी: कैमूर, बिहार)
देव सरकार उर्फ दयाल (निवासी: ढेलाबीर टिकरी, वाराणसी)
अंदरूनी सूत्र (इंसाइडर) ने दी थी हर गुरुवार की लोकेशन
पुलिस पूछताछ में पकड़े गए छात्रों ने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। आरोपियों ने बताया कि उनका एक साथी आकाश यादव भी वसूली का काम करता है। आकाश को अच्छी तरह पता था कि उक्त कंपनी का मुनीब हर गुरुवार को पड़ाव क्षेत्र से एक बड़ी रकम वसूल कर लौटता है।
आकाश ने ही अपने साथी हरीश पाण्डेय और अन्य लड़कों के साथ मिलकर लूट का पूरा ताना-बाना बुना। घटना के दिन मुनीब की रेकी की गई और सुनसान रास्ता देखते ही वारदात को अंजाम दे दिया गया। लूटी गई रकम को कुल 6 लोगों में बराबर बांट दिया गया था, जिसमें से कुछ पैसे उन्होंने खर्च भी कर दिए।
एक आरोपी का पहले से है क्रिमिनल बैकग्राउंड, दूसरी लूट की थी तैयारी
एएसपी अनंत चंद्रशेखर ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में से एक, देव सरकार उर्फ दयाल के खिलाफ वाराणसी के भेलूपुर थाने में पहले से ही मारपीट और धमकी देने का आपराधिक मामला दर्ज है। यह गैंग इतना बेखौफ हो चुका था कि पुलिस के हत्थे चढ़ने से पहले ये एक और बड़ी लूट की वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। पीड़ित मुनीब महताब अहमद ने थाने पहुंचकर आरोपियों और उनकी बाइकों की पहचान कर ली है। पुलिस अब इस साजिश में शामिल फरार आरोपी आकाश यादव और हरीश पाण्डेय की तलाश में दबिश दे रही है।